रायपुर। हसदेव में हो रही पेड़ों की कटाई से चिंतित छत्तीसगढ़ के पूर्व उपमुख्यमंत्री टीएस सिंहदेव ने प्रदेश के सीएम विष्णु देव साय से फोन पर चर्चा की है। उन्होंने हसदेव आंदोलन से जुड़े विरोध प्रदर्शन के संबंध में सीएम को जानकारी दी। सिहंदेव ने कहा कि हसदेव जंगल में पुराने खदानों में उत्खनन के प्रति स्थानीय लोगों के मत विभाजित हैं जबकि नई खदानों में माइनिंग के विरोध में पूरा आदिवासी समाज एकमत है।

हसदेव जंगल में कोल ब्लॉक के लिए पेड़ों की कटाई के विरोध में बैठे ग्रामीणों के समर्थन में पूर्व उपमुख्यमंत्री टीएस सिंहदेव ने पेड़ों की कटाई पर विरोध जताया है। सिंहदेव ने यहां तक कह दिया कि जल जंगल जमीन को लेकर आदिवासियों की गहरी आस्था है। वे प्रकृति के उपासक हैं लेकिन सीएम खुद आदिवासी होने के बावजूद इसे समझने की कोशिश नहीं कर रहे हैं। सिंहदेव ने कहा कि सरगुजा के आदिवासी समाज के हित के लिए सीएम साय को हसदेव में नए खदानों पर रोक लगाना चाहिए।

जिले के उदयपुर क्षेत्र में परसा ईस्ट केते बासेन PEKB कोल खदान के लिए घाटबर्रा के पेंड्रा मार जंगल में 91 हेक्टेयर क्षेत्र में 15307 पेड़ों की हुई कटाई के बाद जंगल अब सपाट मैदान में बदल चुके हैं। चप्पे चप्पे पर पुलिस बल तैनात कर किसी भी ग्रामीण और बाहर के लोगों को जंगल की ओर नहीं जाने दिया गया। इस दौरान जमकर पेड़ों की कटाई हुई।

Hindi News के लिए जुड़ें हमारे साथ हमारे
फेसबुक, ट्विटर, यूट्यूब, इंस्टाग्राम, लिंक्डइन, टेलीग्राम, कू
 पर

रंजना वर्मा पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया से जुड़ी अनुभवी न्यूज राइटर हैं। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है। रायपुर के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश से जुड़े समसामयिक मुद्दों के साथ राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लेखन किया है। समाचार लेखन के साथ SEO आधारित कंटेंट तैयार करने में भी उनकी अच्छी पकड़ है। सरल भाषा में तथ्यों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करना और पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है।