Fake Transfer Order Scandal: बलौदा बाजार–भाटापारा जिले के स्वास्थ्य विभाग में बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया है। यहां CMHO के जाली हस्ताक्षर से फर्जी स्थानांतरण आदेश तैयार करने के मामले में पलारी पुलिस ने ग्रामीण चिकित्सा सहायक समेत 4 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। यह मामला प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र रोहांसी में पदस्थ RMA करण कुमार देवांगन से जुड़ा हुआ है। इस मामले में गिरफ्तार भाजपा नेताओं को पार्टी ने बाहर का रास्ता दिखा दिया है।
BMO पलारी डॉ. पंकज वर्मा की शिकायत पर पुलिस ने जांच शुरू की। दरअसल करण देवांगन ने CMHO कार्यालय बलौदाबाजार के नाम से जारी एक ट्रांसफर आदेश पेश किया था, जिसमें उसका स्थानांतरण PHC मोपर, विकासखंड भाटापारा दर्शाया गया था।

जब CMHO कार्यालय से वेरिफिकेशन कराया गया तो पता चला कि ऐसा कोई आदेश जारी ही नहीं हुआ है और आदेश पर हस्ताक्षर भी पूरी तरह फर्जी और कूटरचित हैं। जबकि राज्य संवर्ग के RMA के ट्रांसफर का अधिकार केवल राज्य शासन को है, CMHO को नहीं।

पुलिस ने 4 को किया गिरफ्तार
पुलिस ने इस मामले में करण कुमार देवांगन समेत कुल चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों में एक अन्य आरएमए रवि कुमार सेन, पुनीराम पटेल और किशना उर्फ कृष्ण कुमार अवस्थी (दोनों भाजपा नेता) भी शामिल हैं।
कंप्यूटर ऑपरेटर भी हिरासत में
पता चला है कि बलौदा बाजार की पुलिस ने उस कंप्यूटर ऑपरेटर को भी हिरासत में ले लिया है, जिसने फर्जी ट्रांसफर तैयार किया था। फिलहाल उससे पूछताछ की जा रही है जिसके बाद उसे गिरफ्तार करने की औपचारिकता पूरी की जाएगी।
पुलिस का कहना है कि, पूछताछ में आरोपियों द्वारा एक राय होकर अपराध करना स्वीकार किया गया है। अब जांच इस बात पर है कि फर्जी ट्रांसफर के पीछे असली मकसद क्या था और क्या इसमें कोई और अधिकारी या नेता शामिल है।
एफआईआर से पहले ही पदमुक्त किए गए भाजपा नेता..!
इस मामले में खुलासा हुआ कि बलौदाबाजार भाजपा जिला उपाध्यक्ष पुनिराम पटेल और जिला महामंत्री कृष्ण कुमार अवस्थी ने स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारी से 1 लाख रुपये लेकर सीएमएचओ (CMHO) के फर्जी हस्ताक्षर वाला ट्रांसफर आदेश थमा दिया। कर्मचारी जब नई जगह पर पदस्थापना के लिए पहुंचा, तब उसे पता चला कि आदेश फर्जी है। मजे की बात यह है कि यह मामला जैसे ही प्रकाश में आया, भाजपा संगठन के प्रमुख नेता सक्रिय हो गए। पार्टी ने आनन–फानन में इन दोनों नेताओं को एफआईआर दर्ज होने के पहले ही पदमुक्त कर दिया।

FAQ: फर्जी ट्रांसफर आदेश
सवाल 1. बलौदाबाजार में क्या फर्जीवाड़ा हुआ?
PHC रोहांसी के RMA करण देवांगन ने CMHO के जाली हस्ताक्षर से खुद का PHC मोपर में फर्जी ट्रांसफर आदेश विभाग में पेश कर दिया।
सवाल 2. मामले में कितने लोग गिरफ्तार हुए हैं?
पलारी पुलिस ने 4 आरोपियों को गिरफ्तार किया है – RMA करण देवांगन, रवि सेन, पुनीराम पटेल और कृष्णा अवस्थी।
सवाल 3. पुलिस ने कौन सी धाराएं लगाई हैं?
पलारी थाने में BNS की धारा 318(4), 336(3), 337, 338, 340(2), 3(5) के तहत केस दर्ज हुआ है, जो फर्जीवाड़ा और कूटरचित दस्तावेज से संबंधित हैं।


