Khakee The Bihar Chapter: इस बिहारी सिंघम पर बेस्ड है Netflix की वेब-सीरीज खाकी

मनोरंजन डेस्क। नेटफ्लिक्स (Netflix) पर 25 दिसंबर रिलीज हुई को सुपर कॉप की कहानी ‘खाकी: द बिहार चैप्टर’ धमान मचा रही है। डायरेक्टर-प्रोड्यूसर नीरज पांडे (Director Neeraj Pandey) द्वारा लिखी वेब सीरीज IPS अधिकारी अमित लोढ़ा (IPS Amit Lodha) पर आधारित है। अमित लोढ़ा ने इस कहानी को अपनी पुस्तक ‘द बिहार डायरीज’ (The Bihar Diaries) में भी शामिल किया है। बता दें कि अमित को ‘बिहारी सिंघम’ भी कहा जाता है।

जानें कौन हैं IPS अमित लोढ़ा?

साल 1998 बैच के आईपीएस अधिकारी अमित लोढ़ा मूल रूप से राजस्थान के रहने वाले हैं। अमित लोढ़ा बहुत कम उम्र में भारतीय पुलिस सेवा में शामिल हो गए थे। अमित लोढ़ा को बिहार कैडर मिला।

अमित साल 2006 में पहली बार तब चर्चा में आए, जब उन्होंने शेखपुरा (Criminal History of Sheikhpura) के ‘गब्बर सिंह’ कहे जाने वाले अशोक महतो और उसके साथी पिंटू महतो जेल पहुंचाया था। इसी के चलते उन्हें वीरता पुरस्कार से सम्मानित भी किया गया था।

अमित ने पहले प्रयास में IIT दिल्ली की परीक्षा पास कर ली थी, लेकिन यहां उनका अनुभव बहुत ही भयानक था। आईआईटी के बाद उन्होंने यूपीएससी परीक्षा पास करके खुद को साबित करने की कोशिश की और अपनी कड़ी मेहनत और लगन के कारण सफल हुए। अमित कहते हैं कि पुलिस सेवा ने उन्हें आत्मविश्वास हासिल करने में काफी मदद की।

IPS अमित लोढ़ा की गिनती बिहार के टॉप IPS अफसरों में होती है। वे वर्तमान में पुलिस महानिरीक्षक (IG) के पद पर तैनात हैं। उन्हें राष्ट्रपति पुलिस पदक, पुलिस पदक और आंतरिक सुरक्षा पदक से भी सम्मानित किया गया। आपको बता दें कि IPS अमित लोढ़ा के नाना IAS अधिकारी थे। अमित, बचपन से ही अपने नाना और अपने आसपास रहने वाले पुलिसकर्मियों और उनकी वर्दी के प्रति आकर्षित थे।

रंजना वर्मा पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया से जुड़ी अनुभवी न्यूज राइटर हैं। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है। रायपुर के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश से जुड़े समसामयिक मुद्दों के साथ राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लेखन किया है। समाचार लेखन के साथ SEO आधारित कंटेंट तैयार करने में भी उनकी अच्छी पकड़ है। सरल भाषा में तथ्यों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करना और पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है।