छत्तीसगढ़ में ड्राई फ्रूट्स भिगोने का सही तरीका।

टीआरपी डेस्क। स्वस्थ जीवन के लिए डाइट में सूखे मेवे शामिल करना जितना जरूरी है, उन्हें सही तरीके से खाना उससे भी कहीं अधिक महत्वपूर्ण है। हर ड्राई फ्रूट को रातभर भिगोना सही नहीं होता, गलत तरीके से सेवन करने पर इनके पोषक तत्वों का पूरा लाभ शरीर को नहीं मिल पाता है।

बदलती जीवनशैली और बढ़ते स्वास्थ्य सरोकारों के बीच, खान-पान की सही जानकारी होना अनिवार्य है। सही तरीके से ड्राई फ्रूट्स का सेवन एनीमिया, पाचन संबंधी समस्याओं और कमजोरी से लड़ने में मदद कर सकता है।

ड्राई फ्रूट्स भिगोने और खाने का सही नियम

अक्सर लोग सभी ड्राई फ्रूट्स को एक साथ रातभर के लिए पानी में छोड़ देते हैं, लेकिन विशेषज्ञों के अनुसार हर मेवे की प्रकृति अलग होती है। बादाम को जहाँ 6 से 8 घंटे भिगोना जरूरी है ताकि उसका फाइटिक एसिड कम हो सके, वहीं अखरोट को मात्र 4 से 6 घंटे ही भिगोना चाहिए। अधिक देर भिगोने से अखरोट का स्वाद और टेक्सचर खराब हो सकता है।

किशमिश और अंजीर जैसे मेवों को भिगोकर खाने से न केवल उनके रेशे (फाइबर) सक्रिय होते हैं, बल्कि यह कब्ज और खून की कमी दूर करने में भी रामबाण साबित होते हैं। काजू के मामले में इसे भिगोना अनिवार्य नहीं है, लेकिन अगर आप चाहें तो इसे 1 से 2 घंटे के लिए पानी में रख सकते हैं।

रजनी सेन टीआरपी में लाइफस्टाइल से जुड़ी खबरें लिखती हैं। उन्हें रोजमर्रा की जिंदगी, खान-पान, फैशन, त्योहार, संस्कृति, ज्योतिष और बदलते लाइफस्टाइल ट्रेंड्स से जुड़े विषयों पर लिखने का अनुभव है। उनका लेखन सरल, सहज और पाठकों से जुड़ा हुआ है। रजनी सेन ने बैचलर ऑफ आर्ट्स (B.A.) की पढ़ाई की है और पत्रकारिता के क्षेत्र में अपनी लेखन क्षमता के जरिए पाठकों तक उपयोगी और रोचक जानकारी पहुंचाने का प्रयास करती हैं।