मध्यप्रदेश कैबिनेट बैठक की अध्यक्षता करते मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में 10,630 करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं को मंजूरी दी गई।

MP Cabinet Meeting: भोपाल में मंगलवार को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में आयोजित मध्यप्रदेश कैबिनेट की महत्वपूर्ण बैठक में 10,630 करोड़ रुपये के विकास प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। इस बैठक में प्रदेश के बुनियादी ढांचे, सड़क नेटवर्क, किसान सुविधाओं, स्वास्थ्य और युवाओं के कौशल विकास से जुड़े कई दूरगामी फैसले लिए गए। सरकार का मुख्य ध्यान राज्य में निवेश बढ़ाने, सड़कों के चौड़ीकरण, भूमि अधिग्रहण प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने और किसानों को डिजिटल तकनीकों से जोड़ने पर केंद्रित रहा। कैबिनेट के इन निर्णयों की जानकारी लोक निर्माण विभाग मंत्री राकेश सिंह ने मीडिया को दी।

बैठक के प्रमुख निर्णयों में सिवनी-बालाघाट स्टेट हाईवे को फोरलेन में बदलने का प्रस्ताव शामिल है। लगभग 99.64 किलोमीटर लंबी इस सड़क परियोजना पर 3,458 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। सड़क के चौड़ा होने से इस मार्ग पर यात्रा का समय दो घंटे से घटकर महज एक घंटे रह जाएगा। इस परियोजना में लगभग 6 किलोमीटर का वन क्षेत्र भी शामिल है, जिसे पर्यटन की दृष्टि से विशेष रूप से विकसित किया जाएगा। इसके अलावा, प्रदेश में बेहतर कनेक्टिविटी और इंफ्रास्ट्रक्चर को रफ्तार देने के उद्देश्य से 12 नई सड़क परियोजनाओं को मध्यप्रदेश सड़क विकास निगम (MPRDC) को हस्तांतरित करने का निर्णय लिया गया है।

किसानों के लिए फार्मर आईडी और जमीन अधिग्रहण का नया नियम
कृषि क्षेत्र और किसानों की सहूलियत के लिए सरकार ने गांव-गांव जाकर फार्मर आईडी बनाने का फैसला किया है, जिसके लिए शासकीय दल सीधे किसानों के पास पहुंचेंगे। खाद वितरण की ई-विकास-2 प्रणाली के तहत अब किसान बिना पूर्व पंजीयन के एक उर्वरक खरीद सकेंगे, साथ ही व्हाट्सऐप के जरिए भी खाद बुकिंग की सुविधा मिलेगी। भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया को सुगम बनाने के लिए यह निर्णय लिया गया कि अब जमीन मालिक की आपसी सहमति से उसकी भूमि कलेक्टर गाइडलाइन के चार गुना मूल्य पर खरीदी जा सकेगी। वहीं अतिवृष्टि और अल्पवृष्टि की संभावनाओं को देखते हुए मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को प्रभावित किसानों तक समय पर मदद पहुंचाने के लिए मुस्तैद रहने के निर्देश दिए हैं।

लोक निर्माण विभाग मंत्री ने क्या कहा ?
लोक निर्माण विभाग मंत्री राकेश सिंह ने कैबिनेट ब्रीफिंग में बताया कि राज्य में निवेश और औद्योगिक विकास को बढ़ावा देने की पहल के सकारात्मक परिणाम आ रहे हैं। मंत्री ने जानकारी दी कि 1 जुलाई 2024 से लागू हुए नए आपराधिक कानूनों के परिपेक्ष्य में अब आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ (EOW) को भारतीय न्याय संहिता (BNS) के तहत मामले दर्ज करने के लिए अधिकृत कर दिया गया है। इससे पहले ईओडब्ल्यू के प्रकरण आईपीसी 1860 के तहत दर्ज होते थे। इसके अतिरिक्त, उज्जैन के धनवंतरि विश्वविद्यालय में नए शैक्षणिक व प्रशासनिक पदों के सृजन को भी हरी झंडी दी गई।

युवाओं के रोजगार और प्रदेश के आर्थिक विकास पर असर
युवाओं के भविष्य को ध्यान में रखते हुए नीति आयोग की ‘विकसित भारत में कौशल विकास’ रिपोर्ट के आधार पर एक अंतर-विभागीय वर्किंग ग्रुप का गठन किया जाएगा। इसमें स्कूल शिक्षा, उच्च शिक्षा, तकनीकी शिक्षा और खेल विभाग मिलकर पढ़ाई से लेकर रोजगार और स्वरोजगार तक का रोडमैप तैयार करेंगे। इन फैसलों से न केवल प्रदेश में औद्योगिक निवेश और रोजगार के अवसर बढ़ेंगे, बल्कि सिवनी-बालाघाट क्षेत्र में व्यापारिक गतिविधियों और पर्यटन को भी जबरदस्त मजबूती मिलेगी।

नवीन कुमार साहू को पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में 5 वर्ष से अधिक का अनुभव है। उन्होंने कुशाभाऊ ठाकरे पत्रकारिता एवं जनसंचार विश्वविद्यालय से Bachelor of Science (Electronic Media) और Master of Science (Electronic Media) की डिग्री हासिल की है। उन्होंने राजधानी रायपुर के कई प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों के साथ काम किया है। उन्हें छत्तीसगढ़, राष्ट्रीय समाचार, राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल से जुड़े विषयों पर लेखन का अनुभव है। वे तथ्यपरक, विश्वसनीय और SEO-अनुकूल समाचार एवं लेख तैयार करने में विशेषज्ञता रखते हैं। उनका उद्देश्य पाठकों तक सटीक और उपयोगी जानकारी सरल भाषा में पहुंचाना है।