ग्वालियर। जिले में अंध विश्वास के चक्कर में 14 साल की नाबालिग किशोरी जिंदगी की जंग हार गई। नाबालिग के परिजन डॉक्टर के पास ले जाने के बजाय अपने करीबियों के सलाह पर तांत्रिक को बुला लिया। भूत प्रेत का साया बताकर तांत्रिक ने लड़की को डंडे से पीटा, गर्म छड़ से उसके शरीर को दागा। नाबालिग दर्द से चिखती रही, लेकिन न तांत्रिक रुका न ही परिजनों ने उसे मना किया। आखिरकार, तड़प-तड़प कर नाबालिग की मौत हो गई। मामला इंदरगंज थाना क्षेत्र के खल्लासीपुरा का है।

परिजनों ने चुपचाप की अंतिम संस्कार की कोशिश

मौत के बाद परिजन चोरी छिपे अंतिम संस्कार करने की कोशिश की। इस बीच किसी ने पुलिस को सूचना दे दी। जानकारी मिलते ही पुलिस श्मशान घाट पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। फिलहाल, पोस्टमार्टम रिपोर्ट सामने आने के बाद ही मामले का खुलासा हो पाएगा।

क्या है पूरा मामला ?

खल्लासीपुरा निवासी सुनील पाल की बेटी रौनक को 15 दिन से बुखार से पीड़ित थी। परिजनों ने इलाज करवाने की बजाए तांत्रिक से इलाज कराना सहीं समझा। और झाड़ फूंक के चक्कर में फंस गए। तांत्रिक ने बच्ची के साथ जुल्म की हद पार कर दी। मामले में पुलिस का कहना है कि, बच्ची के परिजन से पूछताछ के बाद तांत्रिक का पता लगाया जा रहा है। फिलहाल पुलिस पीएम रिपोर्ट का इंतजार कर रही है इसके बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।

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