टीआरपी डेस्क। मध्य प्रदेश के दिग्गज कांग्रेसी नेता कमलनाथ के भाजपा में शामिल होने की अटकलों के बीच भाजपा के नेता तेजेंदर पाल सिंह बग्गा ने जहां उनके पार्टी आने की अटकलों को खारिज करते हुए खुलकर विरोध किया है।

वहीं, पार्टी के कई ऐसे अन्य दिग्गज सिख नेता हैं, जो कमलनाथ के पार्टी में शामिल कराने के पक्ष में नहीं है और अपनी यह राय आलाकमान के सामने भी रख दी है।

सिख नेताओं के अनुसार, सिख दंगे के आरोपित कमलनाथ को पार्टी में आने की स्थिति में वर्ष 1984 के दंगे के आरोपितों को दंडित कराने की पार्टी की प्रतिबद्धता के प्रभावित होने की आशंका सिख समाज में बलवति होगी। जिससे संपूर्ण सिख समाज में अच्छा संदेश नहीं जाएगा।

हालांकि, बाकि सिख नेता इस मामले पर पार्टी का रुख देख रहे हैं तथा खुलकर विचार रखने से बच रहे हैं। जबकि तेजेंदर पाल सिंह बग्गा ने एक्स पोस्ट में कहा कि सिखों के हत्यारे और हिंद दी चादर गुरु तेगबहादुर के गुरुद्वारे रकाबगंज साहिब को जलाने वाले कमलनाथ के लिए भाजपा के दरवाजे ना खुले थे ना खुले हैं।

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वहीं, राजनीतिक विशेषज्ञों के अनुसार जब किसान आंदोलन के माध्यम से सिखों को भाजपा के प्रति भड़काने की अंतरराष्ट्रीय षड्यंत्र चल रहा है, उसमें यह कदम नुकसानदेह होगा। इस बीच, बेटे नकुल तथा मप्र के कई कांग्रेसी विधायकों के भाजपा में शामिल होने की लगाई जा रही अटकलों के बीच कमलनाथ चाणक्यपुरी स्थित अपने आवास में रहे।

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रंजना वर्मा पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया से जुड़ी अनुभवी न्यूज राइटर हैं। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है। रायपुर के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश से जुड़े समसामयिक मुद्दों के साथ राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लेखन किया है। समाचार लेखन के साथ SEO आधारित कंटेंट तैयार करने में भी उनकी अच्छी पकड़ है। सरल भाषा में तथ्यों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करना और पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है।