टीआरपी डेस्क। कामधेनु सरिया के डायरेक्टर नवीन जैन को DGGI लखनऊ ने 3 दिन चली छापेमारी के बाद अरेस्ट कर लिया गया। नवीन जैन के खिलाफ फर्म पर 344 करोड़ का माल बिना जीएसटी चुकाए बेचने का आरोप है।

वहीं बीते कई सालों से बड़े पैमाने पर नवीन जैन सेंट्रल जीएसटी के निशाने पर थे। टैक्स चोरी की रकम अभी और बढ़ सकती है। इस मामले में विशेष मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट कुमुदलता त्रिपाठी की कोर्ट में जमानत याचिका भी खारिज हो गई। जहां से अदालत ने 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया।‌

बता दें डीजीजीआई ने 4 दिन पहले फतेहपुर स्थित राधे-राधे इस्पात कंपनी पर छापेमारी की। यहां स्क्रैप माल को भी पकड़ा गया। यहां बड़े पैमाने पर काले कारोबार के दस्तावेज जब्त किए गए हैं। यहां से टीम को 322 करोड़ रुपए की अवैध बिक्री पकड़ी गई। इस पर 52 करोड़ की कर चोरी का मामला दर्ज किया गया है।

See also  पीएम मोदी बोले- 'राम मंदिर पहले भी चुनावी मुद्दा नहीं था, आगे भी नहीं रहेगा, राम लला को फिर से तंबू में भेजने की साजिश रच रही कांग्रेस'

इसके पुख्ता सबूत मिलने के बाद टीम ने नवीन जैन को अरेस्ट कर लिया। डीजीजीआई लखनऊ की टीम ने यूपी-44 नंबर की गाड़ी से बुधवार रात करीब 9 बजे नवीन जैन के के-ब्लॉक किदवई नगर स्थित मकान और फजलगंज स्थित ऑफिस में छापा मारा। घर से करीब 18 फाइलें जब्त की गई।

रंजना वर्मा पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया से जुड़ी अनुभवी न्यूज राइटर हैं। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है। रायपुर के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश से जुड़े समसामयिक मुद्दों के साथ राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लेखन किया है। समाचार लेखन के साथ SEO आधारित कंटेंट तैयार करने में भी उनकी अच्छी पकड़ है। सरल भाषा में तथ्यों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करना और पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है।