टीआरपी डेस्क। फिल्म ‘पुष्पा 2’ की स्क्रीनिंग के दौरान हुई भगदड़ मामले में आंध्र प्रदेश के उपमुख्यमंत्री पवन कल्याण की महत्वपूर्ण टिप्पणी सामने आई है। उन्होंने एक्टर अल्लू अर्जुन के खिलाफ हुई कार्रवाई को सही बताते हुए तेलंगाना पुलिस को दोषी मानने से इनकार कर दिया दिया है। आंध्र प्रदेश के उपमुख्यमंत्री ने कहा कि कानून सबके लिए समान है और पुलिस को लोगों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए काम करना चाहिए।

अल्लू अर्जुन मामले में क्या बोले डिप्टी सीएम?

‘पुष्पा 2’ की स्क्रीनिंग के दौरान हुई भगदड़ मामले में मंगलगिरी में पत्रकारों से बात करते हुए आंध्र प्रदेश के डिप्टी सीएम पवन कल्याण ने कहा कि कानून प्रवर्तन अधिकारियों के लिए सार्वजनिक सुरक्षा को प्राथमिकता देना महत्वपूर्ण है। उन्होंने जोर देते हुए कहा कि कानून सबके लिए समान है। ऐसी घटनाओं में पुलिस सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए काम करती है। हालांकि, थिएटर स्टाफ को अल्लू अर्जुन को स्थिति के बारे में पहले से सूचित कर देना चाहिए था। एक बार जब वह अपनी सीट पर बैठ गए, तो अराजकता को संभालना मुश्किल हो गया।

भगदड़ में गई थी महिला की जान

गौरतलब है कि गत 04 दिसंबर को ‘पुष्पा 2’ की स्क्रीनिंग के दौरान भगदड़ मच गई थी। इस अफरा-तफरी के माहौल में 35 वर्षीय रेवती नामक महिला की मौत हो गई और उसका बेटा घायल हो गया। इस घटना के बाद हैदराबाद पुलिस ने अल्लू अर्जुन के खिलाफ मामला दर्ज किया और उन्हें गिरफ्तार कर लिया। हालांकि, कुछ देर बाद उन्हें जमानत मिल गई थी। वहीं, बाद में फिल्म के मेकर्स और एक्टर अल्लू अर्जुन ने पीड़ित के परिवार को 2 करोड़ रुपये की सहायता राशि देने का एलान किया था।

पवन कल्याण और अल्लू अर्जुन रिश्तेदार

आपको बता दें कि आंध्र प्रदेश डिप्टी सीएम और एक्टर अल्लू अर्जुन रिश्तेदार हैं। अल्लू अर्जुन की बुआ सुरेखा की शादी पवन कल्याण के बड़े भाई प्रसिद्ध अभिनेता चिरंजीवी से हुई है। वहीं, जब पवन कल्याण से पूछा गया कि ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए एक्टर क्या कर सकते थे, डिप्टी सीएम पवन कल्याण ने कहा कि अगर अल्लू अर्जुन पहले पीड़ित परिवार से संपर्क करते तो बेहतर होता। इससे तनाव कम हो सकता था।

रंजना वर्मा पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया से जुड़ी अनुभवी न्यूज राइटर हैं। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है। रायपुर के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश से जुड़े समसामयिक मुद्दों के साथ राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लेखन किया है। समाचार लेखन के साथ SEO आधारित कंटेंट तैयार करने में भी उनकी अच्छी पकड़ है। सरल भाषा में तथ्यों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करना और पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है।