Fake transfer letter scanda
Fake transfer letter scanda

Fake transfer letter scandal: फर्जी स्थानांतरण आदेश से RMA को मनचाहा ट्रांसफर दिलाने के मामले में भाजपा ने बड़ी कार्रवाई की है। प्रदेश कार्यालय ने बलौदाबाजार जिला महामंत्री कृष्णा अवस्थी और जिला उपाध्यक्ष पुनीराम पटेल को 6 साल के लिए पार्टी से निष्कासित कर दिया है। इससे पहले पलारी पुलिस ने इस कांड में 6 आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।

यह मामला ग्राम रोहांसी PHC में पदस्थ RMA करण कुमार देवांगन से जुड़ा है। पुलिस के मुताबिक करण ने 17 अगस्त 2026 को BMO पलारी के सामने एक ट्रांसफर आदेश पेश किया, जिसमें लिखा था कि उसे PHC रोहांसी से PHC मोपर, विकासखंड भाटापारा ट्रांसफर किया गया है।

आदेश पर CMHO बलौदाबाजार-भाटापारा का क्रमांक NHM/AR/2026-27/1359, दिनांक 14 अगस्त 2026 लिखा था।

CMHO कार्यालय ने कहा- आदेश ही फर्जी है

BMO को आदेश पर शक हुआ तो उन्होंने CMHO कार्यालय से सत्यापन कराया। CMHO ने स्पष्ट किया कि ऐसा कोई आदेश जारी ही नहीं हुआ है। दरअसल RMA राज्य संवर्ग का पद है, ट्रांसफर का अधिकार राज्य शासन के पास है, उस समय ट्रांसफर पर बैन लगा था, आदेश पर CMHO के हस्ताक्षर भी फर्जी साबित हुए। इसके बाद CMHO ने BMO को FIR कराने के निर्देश दिए।

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6 आरोपी गिरफ्तार, बेटा और प्राइवेट ऑपरेटर भी शामिल

BMO की शिकायत पर पलारी थाने में BNS की धारा 3(5), 318(4), 336(3), 337, 338 और 340(2) के तहत FIR दर्ज हुई। पुलिस ने इन 6 लोगों को गिरफ्तार किया:

  1. कृष्णा अवस्थी – भाजपा जिला महामंत्री
  2. पुनीराम पटेल – भाजपा जिला उपाध्यक्ष
  3. करण कुमार देवांगन – RMA रोहांसी
  4. रवि कुमार सेन – RMA
  5. प्रणव अवस्थी – निजी कंप्यूटर ऑपरेटर
  6. प्रखर कश्यप – कृष्णा अवस्थी का बेटा

जांच में सामने आया कि फर्जी सील-साइन से कूटरचित दस्तावेज तैयार कर उसे असली सरकारी आदेश की तरह पेश किया गया।

भाजपा का हंटर: जारी किया निष्कासन आदेश

पुलिस कार्रवाई के बाद भाजपा जिला इकाई की अनुशंसा पर प्रदेश अध्यक्ष किरण सिंह देव के निर्देश पर 25 अगस्त को प्रदेश कार्यालय से दोनों नेताओं के निष्कासन आदेश जारी हुए।

आदेश में कहा गया कि पार्टी विरोधी गतिविधियों से पार्टी की छवि धूमिल हो रही थी, जो घोर अनुशासनहीनता है। दोनों को 6 साल के लिए तत्काल प्रभाव से निष्कासित किया गया है।

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पहले भी लग चुके हैं वसूली के आरोप

बलौदाबाजार में यह पहला मामला नहीं है। इससे पहले महिला एवं बाल विकास में सुपरवाइजर भर्ती के नाम पर वसूली में मेवा चोपड़ा पर कार्रवाई हुई थी, तब भी कुछ जनप्रतिनिधियों के नाम उछले थे। कुछ माह पहले लेन-देन कर मामला निपटाने के आरोप भी एक भाजपा जनप्रतिनिधि पर लगे थे।

FAQ: भाजपा नेताओं का निष्कासन

सवाल 1. बलौदाबाजार में भाजपा नेताओं को क्यों निष्कासित किया गया?

जवाब: फर्जी ट्रांसफर आदेश तैयार करने और सरकारी कार्यालय में पेश करने के मामले में पुलिस कार्रवाई के बाद भाजपा ने जिला महामंत्री कृष्णा अवस्थी और जिला उपाध्यक्ष पुनीराम पटेल को पार्टी विरोधी गतिविधि और छवि धूमिल करने के आरोप में 6 साल के लिए निष्कासित किया है।

सवाल 2. फर्जी ट्रांसफर आदेश का पूरा मामला क्या है?

जवाब: RMA करण देवांगन ने 17 अगस्त को BMO पलारी के सामने CMHO के नाम से फर्जी आदेश NHM/AR/2026-27/1359 पेश किया, जिसमें उसका ट्रांसफर रोहांसी से मोपर दिखाया गया था। जांच में आदेश और हस्ताक्षर दोनों फर्जी निकले।

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सवाल 3. इस मामले में कितने लोग गिरफ्तार हुए हैं और कौन-कौन हैं?

जवाब: पुलिस ने 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया है – कृष्णा अवस्थी (महामंत्री), पुनीराम पटेल (उपाध्यक्ष), RMA करण देवांगन, RMA रवि सेन, कंप्यूटर ऑपरेटर प्रणव अवस्थी और प्रखर कश्यप।

सवाल 4. पुलिस ने किन धाराओं में FIR दर्ज की है?

जवाब: पलारी थाने में BNS की धारा 3(5), 318(4), 336(3), 337, 338 और 340(2) के तहत फर्जी दस्तावेज, कूटरचना और धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया गया है।

सवाल 5. भाजपा ने निष्कासन का आदेश कब और किसके निर्देश पर जारी किया?

जवाब: 25 अगस्त को भाजपा प्रदेश कार्यालय से जिला इकाई की अनुशंसा के बाद प्रदेश अध्यक्ष किरण देव सिंह के निर्देश पर दोनों नेताओं को 6 साल के लिए तत्काल प्रभाव से निष्कासित करने का आदेश जारी हुआ।