Law & Order Issue Raised During Zero Hour - बीजेपी नेताओं को टारगेट करने का चंदेल ने उठाया मुद्दा
Law & Order Issue Raised During Zero Hour - बीजेपी नेताओं को टारगेट करने का चंदेल ने उठाया मुद्दा

विशेष संवादाता, रायपुर

रायपुर। छत्तीसगढ़ विधानसभा के नेता प्रतिपक्ष नारायण चंदेल ने कहा कि शीतकालीन सत्र 10 दिनों का हो। जिसमें प्रदेश की जनता के हित में विस्तृत चर्चा हो सके। लेकिन मुख्यमंत्री भूपेश बघेल शीतसत्र की चर्चा से भागना क्यों चाहते हैं। चर्चा से मुंह क्यों मोड़ना चाहते हैं? नेता प्रतिपक्ष ने आग्रह किया कि दस दिन का शीतसत्र बुलाया जाए और विभिन्न विषयों पर विस्तार से चर्चा कराई जाए।

नेता प्रतिपक्ष श्री चंदेल ने कहा कि जहां तक आदिवासी आरक्षण की बात है तो भारतीय जनता पार्टी का पहले भी और अब भी यह स्पष्ट मत है कि हमारे आदिवासी भाई बहनों को जो 32 प्रतिशत आरक्षण मिल रहा था, वह बरकरार रहना चाहिए। आदिवासियों को उनका हक मिलना चाहिए।

नेता प्रतिपक्ष श्री चंदेल ने कहा कि सरकार आदिवासी आरक्षण पर दो तरह की बातें कर रही है। अफसरों का अध्ययन दल किसने बनाया। सरकार आदिवासियों का 32 फीसदी आरक्षण का अध्यादेश क्यों नहीं लाती? सरकार तत्काल अध्यादेश लाये। अक्टूबर में फैसला आ गया था।

इतने दिन क्या कर रहे थे? छत्तीसगढ़ की भूपेश बघेल सरकार हमारे आदिवासी भाइयों के हितों के साथ केवल खिलवाड़ कर रही है। सरकार हर रोज एक नई बात कर रही है। भारतीय जनता पार्टी का स्पष्ट मत है कि 32 प्रतिशत आदिवासी आरक्षण के लिए अध्यादेश लाया जाए और 10 दिन का शीत सत्र बुलाया जाए, जिसमें प्रदेश के मुद्दों पर विस्तार से चर्चा कराई जा सके।

रंजना वर्मा पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया से जुड़ी अनुभवी न्यूज राइटर हैं। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है। रायपुर के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश से जुड़े समसामयिक मुद्दों के साथ राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लेखन किया है। समाचार लेखन के साथ SEO आधारित कंटेंट तैयार करने में भी उनकी अच्छी पकड़ है। सरल भाषा में तथ्यों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करना और पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है।