An astrological depiction of the Lakshmi Narayan Rajyoga and the Mercury-Venus conjunction forming on September 26.
An astrological depiction of the Lakshmi Narayan Rajyoga and the Mercury-Venus conjunction forming on September 26.

Budh Shukra Yuti in Tula Rashi : ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, 26 सितंबर 2026 को ग्रहों के राजकुमार बुध कन्या राशि से निकलकर तुला राशि में प्रवेश करने जा रहे हैं। तुला राशि में धन, वैभव और सौंदर्य के कारक ग्रह शुक्र पहले से ही विराजमान हैं। ऐसे में तुला राशि में बुध और शुक्र की इस युति से अत्यंत शुभ ‘लक्ष्मी नारायण राजयोग’ का निर्माण होने जा रहा है।

ज्योतिष में इस राजयोग को सुख, समृद्धि, धन-दौलत और करियर-व्यापार में अपार सफलता देने वाला माना गया है। इस गोचर के प्रभाव से मुख्य रूप से 5 राशियों को जबरदस्त आर्थिक उन्नति और लाभ मिलने वाला है।

इन 5 राशियों पर बरसेगी मां लक्ष्मी और भगवान विष्णु की कृपा

1. मिथुन राशि

आपकी राशि के पांचवें भाव में यह राजयोग बनने जा रहा है। इसके प्रभाव से शिक्षा और प्रतियोगिता परीक्षाओं के क्षेत्र में बड़ी सफलता मिलने के योग हैं। जो लोग पढ़ाई या प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे हैं, उनके लिए यह समय बेहद अनुकूल रहेगा। संतान पक्ष से भी कोई शुभ समाचार मिल सकता है।

2. तुला राशि

यह राजयोग आपकी ही राशि के प्रथम (लग्न) भाव में बन रहा है। इससे आपके आत्मविश्वास और व्यक्तित्व में जबरदस्त निखार आएगा तथा समाज में मान-सम्मान बढ़ेगा। व्यापार में नए अवसर मिलेंगे और बड़ा आर्थिक मुनाफा होने के योग हैं। वैवाहिक जीवन में मिठास बनी रहेगी और पार्टनरशिप के कामों में सफलता मिलेगी।

3. धनु राशि

आपकी राशि के ग्यारहवें यानी लाभ भाव में लक्ष्मी नारायण राजयोग का निर्माण हो रहा है। इसके असर से आपकी आमदनी में जबरदस्त बढ़ोतरी होगी और आय के नए स्रोत खुलेंगे। प्रभावशाली लोगों से मुलाकात होगी, जिससे भविष्य में बड़े आर्थिक लाभ की जमीन तैयार होगी। भौतिक सुख-साधनों की प्राप्ति होगी और पुरानी आर्थिक तंगी दूर होगी।

4. मकर राशि

आपकी राशि के दशम यानी कर्म भाव में इस राजयोग का बनना नौकरीपेशा लोगों के लिए वरदान साबित होगा। नौकरी में पदोन्नति (प्रमोशन), वेतन वृद्धि या किसी बड़ी कंपनी से नए जॉब ऑफर के योग बन रहे हैं। कारोबार में काफी समय से अटकी हुई योजनाएं गति पकड़ेंगी और नया व्यापार शुरू करने के लिए समय उत्तम है।

5. कुंभ राशि

आपकी राशि के नवम यानी भाग्य भाव में बुध-शुक्र की युति से आपको हर काम में किस्मत का पूरा सहयोग मिलेगा। इस दौरान शेयर बाजार, सट्टा या लॉटरी आदि के माध्यम से अचानक आर्थिक लाभ होने के योग हैं। प्रेम संबंधों में मिठास आएगी। इसके अलावा धार्मिक या व्यावसायिक यात्राएं लाभकारी सिद्ध होंगी और अटके हुए सरकारी व कानूनी काम पूरे होंगे।

लक्ष्मी नारायण राजयोग का शुभ फल बढ़ाने के 3 अचूक उपाय

  • संयुक्त पूजा: बुधवार और शुक्रवार के दिन मां लक्ष्मी और भगवान विष्णु की एक साथ संयुक्त पूजा-अर्चना करें।
  • सफेद मिठाई का भोग: पूजा के दौरान मां लक्ष्मी को खीर या किसी भी सफेद मिठाई का भोग अवश्य लगाएं।
  • मंत्र जाप: प्रतिदिन या शुभ दिनों में ‘ऊं श्रीं लक्ष्मीनारायणाय नमः’ मंत्र का यथासंभव जाप करें।

5 FAQs (अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न)

प्रश्न 1: लक्ष्मी नारायण राजयोग का निर्माण कब और किस राशि में हो रहा है?

उत्तर: यह राजयोग 26 सितंबर 2026 को बुध के कन्या राशि से निकलकर तुला राशि में प्रवेश करने पर बनेगा, जहां शुक्र पहले से विराजमान हैं।

प्रश्न 2: ज्योतिष में लक्ष्मी नारायण राजयोग कैसे बनता है?

उत्तर: जब किसी राशि में ग्रहों के राजकुमार बुध और धन-वैभव के कारक शुक्र एक साथ विराजमान होते हैं, तो दोनों की युति से लक्ष्मी नारायण राजयोग बनता है।

प्रश्न 3: 26 सितंबर को बनने वाले राजयोग से किन 5 राशियों को सबसे ज्यादा लाभ होगा?

उत्तर: इस राजयोग से मिथुन, तुला, धनु, मकर और कुंभ राशि के जातकों को सबसे अधिक आर्थिक लाभ और सफलता मिलेगी।

प्रश्न 4: मकर और तुला राशि वालों के लिए यह राजयोग किस क्षेत्र में लाभ देगा?

उत्तर: तुला राशि वालों को आत्मविश्वास, व्यापार और वैवाहिक जीवन में लाभ मिलेगा, जबकि मकर राशि वालों को करियर, प्रमोशन और व्यापार विस्तार में सफलता मिलेगी।

प्रश्न 5: इस राजयोग का शुभ प्रभाव बढ़ाने के लिए कौन से उपाय करने चाहिए?

उत्तर: बुधवार और शुक्रवार को भगवान विष्णु व मां लक्ष्मी की संयुक्त पूजा करें, खीर का भोग लगाएं और ‘ऊं श्रीं लक्ष्मीनारायणाय नमः’ मंत्र का जाप करें।