तालिबान

काबुल/नई दिल्ली। अफगानिस्तान में आगामी सरकार के बारे में कोई निर्णय या घोषणा करने की तालिबान की फिलहाल कोई योजना नहीं है, जब तक कि 31 अगस्त की तारीख ना बीत जाए। तालिबान के साथ शांति वार्ता से परिचित एक अफगान अधिकारी ने यह जानकारी देते हुए बताया कि दरअसल 31 अगस्त ही वह तारीख है, जिसके लिए अमेरिका ने कहा था कि इस दिन तक वह अफगानिस्तान से अपने सभी सैनिकों को वापस बुला लेगा।

अफगान अधिकारी ने नाम ना बताने की शर्त पर एसोसिएटेड प्रेस को बताया कि तालिबान के प्रमुख वार्ताकार अनस हक्कानी ने अपने पूर्व सरकारी वार्ताकारों से कहा है कि विद्रोही आंदोलन ने अमेरिका के साथ एक समझौता किया है, जिसके तहत अफगानिस्तान से अमेरिकी सैनिकों की अंतिम वापसी की तारीख तक वे कुछ भी नहीं करेंगे। हालांकि मीडिया को जानकारी देने के लिए गैर-अधिकृत अधिकारी ने इस बारे में विस्तार से नहीं बताया कि कुछ नहीं करने का मतलब क्या सिर्फ राजनीतिक क्षेत्र से था?

काबुल में फिलहाल 5200 अमेरिकी सैनिक

बता दें कि इससे पहले काबुल हवाई अड्डे को सुरक्षित और उड़ान संचालन के लिए खुला बताते हुए अमेरिकी सेना के मेजर जनरल विलियम हैंक ने कहा था कि काबुल में कुल 5,200 से अधिक अमेरिकी सैनिक हैं। उन्होंने कहा, ’14 अगस्त को निकासी अभियान शुरू होने के बाद से, हमने लगभग 7,000 लोगों को निकाला है।

तालिबान की तेजी से दुनिया हैरान

तालिबान के हमले की शुरुआत के बाद से, संयुक्त राज्य अमेरिका के सैनिकों ने अपनी पहले से चल रही वापसी के बावजूद, देश में निकासी में सहायता के लिए वृद्धि की है। अमेरिका और अन्य विदेशी सैनिकों की वापसी के बीच जिस गति से इस्लामिक उग्रवादी तालिबान ने अफगानिस्तान पर विजय हासिल की, उसने पूरी दुनिया के साथ अफगान नेताओं को भी आश्चर्य में डाल दिया और देश के भविष्य पर सवालिया निशान खड़े हो गए थे।

Hindi News के लिए जुड़ें हमारे साथ हमारे
फेसबुक, ट्विटर, यूट्यूब, इंस्टाग्राम, लिंक्डइन, टेलीग्राम, कू और वॉट्सएप, पर…

रंजना वर्मा पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया से जुड़ी अनुभवी न्यूज राइटर हैं। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है। रायपुर के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश से जुड़े समसामयिक मुद्दों के साथ राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लेखन किया है। समाचार लेखन के साथ SEO आधारित कंटेंट तैयार करने में भी उनकी अच्छी पकड़ है। सरल भाषा में तथ्यों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करना और पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है।