टीआरपी बिजनेस डेस्क। मैगी नूडल्स, सॉस और चॉकलेट बनाने वाली कंपनी नेस्ले पर राष्ट्रीय

मुनाफारोधी प्राधिकरण (एनएए) ने 90 करोड़ रुपए का जुर्माना लगाया है। कंपनी पर आरोप है

कि उसने जीएसटी कम होने का फायदा ग्राहकों को नहीं दिया है। कंपनी को 89.73 करोड़ रुपए

की जुर्माने राशि में से 73.14 करोड़ रुपए जमा कराने हैं। शेष राशि पहले ही उपभोक्ता कल्याण

कोष में पिछले साल जमा कराई जा चुकी है।

 

 

प्राधिकरण ने अपने आदेश में कहा है कि जुर्माने की बकाया रकम 18 प्रतिशत ब्याज के साथ अगले तीन

माह में केंद्र और राज्य सरकारों के उपभोक्ता कल्याण कोष में कंपनी जमा कराए। एनएनए ने नेस्ले को

यह भी निर्देश दिया है कि वह दामों में ‘समानुपातिक’ कटौती करे। एनएनए ने कहा है कि नेस्ले पर जुर्माना

क्यों नहीं लगाया जाना चाहिए, इसके लिए मुनाफारोधी महानिदेशक (डीजीएपी) नोटिस जारी करे। प्राधिकरण

ने नेस्ले के कर में कटौती लाभ ग्राहकों को देने के संबंध में अपनाए गए तरीके पर भी सवाल उठाते हुए इसे

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विसंगत, मनमाना और अवैध बताया है जिससे कर में कटौती का लाभ देने में निष्पक्षता और असमानता रही।

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रंजना वर्मा पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया से जुड़ी अनुभवी न्यूज राइटर हैं। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है। रायपुर के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश से जुड़े समसामयिक मुद्दों के साथ राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लेखन किया है। समाचार लेखन के साथ SEO आधारित कंटेंट तैयार करने में भी उनकी अच्छी पकड़ है। सरल भाषा में तथ्यों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करना और पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है।