छत्तीसगढ़ विधानसभा

रायपुर। कोरोना काल में निजी स्कूलों के बंद होने का आंकड़ा शुक्रवार को विधानसभा में पेश किया। कोटा विधायक रेणु जोगी को को दिए लिखित जवाब में सरकार ने बताया है कि प्रदेश के अशासकीय स्कूलों को राइट टू एजुकेशन के तहत उक्त अवधि में 155.50 करोड़ मिलना बकाया है। स्कूलों को यह राशि इसलिए कम दी गई है क्योंकि माँग के अनुक्रम में केंद्र सरकार से कम राशि कम प्राप्त हुई है। यह राशि कब तक स्कूलों को दी जा सकेगी यह समयसीमा बताया जाना संभव नहीं है।

सरकार ने सदन में बताया ​कि अप्रैल 2020 से 30 जून 2021 के बीच राज्य में संचालित 225 निजी स्कूलों में ताला लटक गया है। दी गई समयावधि जो 465 दिन होती है, उस अवधि में ही 225 स्कूल बंद हो गए। इनमें से 99 निजी स्कूलों के बंद होने के कारण वाले कॉलम में कोरोना महामारी के कारण स्कूल संचालन में आर्थिक कठिनाई होना दर्ज है। जबकि, 70 से अधिक स्कूल के बंद होने की वजह में दर्ज संख्या में कमी और आर्थिक स्थिति में कठिनाई होना बताया गया है।

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रंजना वर्मा पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया से जुड़ी अनुभवी न्यूज राइटर हैं। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है। रायपुर के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश से जुड़े समसामयिक मुद्दों के साथ राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लेखन किया है। समाचार लेखन के साथ SEO आधारित कंटेंट तैयार करने में भी उनकी अच्छी पकड़ है। सरल भाषा में तथ्यों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करना और पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है।