रायपुर/नई दिल्ली। छत्तीसगढ़ में ग्रीन टेक्नोलॉजी से 2290 करोड़ की सड़कों का निर्माण किया जाएगा। केंद्र सरकार ने पर्यावरण के अनुकूल वेस्ट प्लास्टिक से सड़क निर्माण की स्वीकृति दी है। छत्तीसगढ़ देश का पहला राज्य है, जिसे केंद्रीय ग्रामीण विकास विभाग ने 22 सौ करोड़ की राशि स्वीकृत की है।

जानकारी देते हुए पंचायत मंत्री टीएस सिंहदेव ने कहा कि ग्रामीण विकास विभाग की ओर से 14 अगस्त को प्रस्ताव मंगाया गया था। प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजना अंतर्गत राज्य की पिछले एक वर्ष की उपलब्धि को देखते हुए भारत सरकार ने राशि स्वीकृत की है।

यह बेहद खुशी की बात है कि विभाग में एक साल में बेहतर काम हुआ, जिसके कारण केंद्र सरकार ने सबसे पहले राज्य के तौर पर छत्तीसगढ़ को चुना है। विभाग के अधिकारियों ने जनता के मंशानुरूप कार्ययोजनाओं पर समय-सीमा में बेहतर कार्य किया है।

मुख्य कार्यपालन अधिकारी आलोक कटियार ने बताया कि राज्य शासन से अनुमति प्राप्त कर निविदा की प्रक्रिया प्रारंभ की जाएगी, ताकि आगामी वित्तीय वर्ष तक कार्य पूर्ण किया जा सकें।

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नक्सल प्रभावित आठ जिलों में 638 करोड़ से 1240 किलोमीटर सड़कें:

प्रदेश के नक्सल प्रभावित आठ जिलों में 1240 किमी सड़क का निर्माण होगा। इन सड़कों के निर्माण में 638 करोड़ रुपये की लागत आएगी। इसकी सहमति कल नई दिल्ली में भारत सरकार ग्रामीण विकास मंत्रालय की उच्चाधिकार प्राप्त समिति की आयोजित बैठक में दी गई है। लोक निर्माण मंत्री ताम्रध्वज साहू ने बताया कि राज्य के नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में बेहतर कनेक्टिविटी और सुदूर ग्रामीण अंचलों को जोड़ने के लिए राज्य सरकार की पहल पर यह स्वीकृति प्राप्त हो रही है।

इसमें डामरीकरण के साथ-साथ कुछ स्थानों पर प्रायोगिक तौर पर कोल्ड मिक्स टेक्नोलाजी, वेस्ट प्लास्टिक और स्वाईल स्टेबिलाईजेशन तकनीक का भी प्रयोग किया जाएगा। बैठक में पीडब्ल्यूडी के प्रमुख अभियंता डीके अग्रवाल उपस्थित थे। एसीएस अमिताभ जैन ने वीडियो कांफ्रेसिंग से चर्चा में भाग लिया।

 

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रंजना वर्मा पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया से जुड़ी अनुभवी न्यूज राइटर हैं। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है। रायपुर के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश से जुड़े समसामयिक मुद्दों के साथ राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लेखन किया है। समाचार लेखन के साथ SEO आधारित कंटेंट तैयार करने में भी उनकी अच्छी पकड़ है। सरल भाषा में तथ्यों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करना और पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है।