लंदन/नई दिल्ली। यूरोपीय औषधि एजेंसी ने कोविड-19 के इलाज के लिए पहली दवा के रूप में रेमडेसिवीर (remdesivir drug) को मान्यता दे दी है। परीक्षण के दौरान अस्पताल में भर्ती कोविड-19 के मरीजों को जल्द स्वस्थ्य होने में इस दवा से मदद मिली थी।

औषधि एजेंसी का कहना है कि वह रेमडेसिवीर को सशर्त विपणण की मान्यता दे रही है। इसका उपयोग 12 साल से ज्यादा आयु वाले ऐसे मरीजों पर किया जाएगा, जिन्हें न्यूमोनिया है और ऑक्सीजन की जरूरत है।

एजेंसी ने कहा कि रेमडेसिवीर यूरोपीय संघ में कोविड-19 के इलाज के लिए मान्यता पाने वाली पहली दवा है। पिछले महीने अमेरिकी खाद्य एवं औषधि प्रशासन (एफडीए) ने इस दवा को कोविड-19 मरीज को आपात स्थिति में देने की अनुमति दी थी।

महाराष्ट्र सरकार भारी मात्रा में रेमडेसिवीर,फेविपिराविर खरीदेगी

महाराष्ट्र सरकार ने तय किया है कि वह वायरस के इलाज में इस्तेमाल होने वाली दवाइयां रेमडेसिवीर और फेविपिरावीर भारी मात्रा में खरीदेगी। राज्य के स्वास्थ्य मंत्री राजेश टोपे ने बताया कि कोविड-19 मरीजों के इलाज के लिए ये दवाइयां खरीदी जाएंगी।

उन्होंने संवाददाताओं से कहा कि कोविड-19 मरीजों का इलाज करने के लिए हमें रेमडेसिवीर, फेविपिरावीर और अन्य जरुरी दवाएं भारी मात्रा में खरीदनी पड़ेंगी। उन्होंने कहा कि ये दवाइयां महंगी हैं, इसलिए राज्य सरकार ने उन्हें खरीदने का फैसला किया है।

रंजना वर्मा पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया से जुड़ी अनुभवी न्यूज राइटर हैं। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है। रायपुर के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश से जुड़े समसामयिक मुद्दों के साथ राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लेखन किया है। समाचार लेखन के साथ SEO आधारित कंटेंट तैयार करने में भी उनकी अच्छी पकड़ है। सरल भाषा में तथ्यों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करना और पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है।