नौकरी के नाम पर बेरोजगारों को लगाया लाखों का चूना, वीडियो वायरल होते ही कलेक्टर ने दिए जाँच के आदेश

सुकमा। नौकरी के नाम पर बेरोजगारों को लगाया लाखों का चूना, बाबू और पटवारी को कलेक्टर ने किया निलंसुकमा। सुकमा कलेक्ट्रेट में नौकरी कर रहे बाबू और पटवारी ने मिलकर दर्जनों बेरोजगारों से नौकरी के नाम पर लाखों रूपये झटक लिये। जब यह मामला उजागर हुआ तब पता चला कि इस आदिवासी बाहुल्य इलाके में 40 बेरोजगारों से 45 लाख रुपयों की ठगी हुई है। इस मामले का एक वीडियो भी वायरल हुआ, जिसकी जांच के बाद कलेक्टर ने दोनों कर्मचारियों को निलंबित कर दिया।

राजस्व विभाग में नौकरी का झांसा

सुकमा कलेक्टोरेट के भू-अभिलेख शाखा में सलंग्न बाबू एम सामराजू और पटवारी संजू सोड़ी ने मिलकर इन बेरोजगार युवाओं को राजस्व विभाग और अन्य सरकारी संस्थानों में नौकरी लगाने का झांसा दिया, जबकि शासन से कोई VACANCY ही नहीं निकाली गई है। बताया जा रहा है कि लगभग साल भर पहले नौकरी के नाम पर के नाम पर 40 बेरोजगारों से 45 लाख से भी ज्यादा रूपये लिए गए।

See also  छत्तीसगढ़ में टीके की बर्बादी का प्रतिशत राष्ट्रीय औसत से काफी कम, 30 फीसदी बर्बादी की खबर पूरी तरह से झूठी है- टीएस सिंहदेव

रूपये वापस मांगने पर जल्द नौकरी का किया दावा

जब साल भर बाद भी नौकरी नहीं मिली तब ठगी का शिकार हुए बेरोजगार बाबू और पटवारी से पैसे वापस लेने के लिए चक्कर लगा रहे हैं. इन्हीं में से एक पीड़ित ने पटवारी और बाबू से बातचीत का वीडियो बना लिया। इसमें बाबू यह कहते हुए नजर आ रहा है कि सोमवार तक सभी को नियुक्ति पत्र मिल जायेगा, बस इसके बारे में बाहर किसी से कुछ भी नहीं कहना है।

देखिए वीडियो :

ठगी का शिकार हुए पीड़ितों ने इस पूरे मामले की शिकायत कलेक्टर विनीत नंदनवार से की। बातचीत के दौरान युवको ने यह भी बताया है कि उन्होंने पटवारी संजू सोड़ी की करीबी महिला चन्देश्वरी पोयाम और उसकी पत्नी मधु सोरी के खाते में बाकायदा रूपये डाले है।

See also  पुलिस अधिकारियों की पदस्थापना के जारी हुए आदेश, देखें किनकी कहां हुई पोस्टिंग…

जाँच कमेटी की रिपोर्ट पर तत्काल कार्रवाई

सुकमा कलेक्टर विनीत नंदनवार ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए इसकी जांच के लिए डिप्टी कलेक्टर भूपेंद्र पटेल की अध्यक्षता में समिति का गठन किया और जल्द से जल्द जांच रिपोर्ट सौंपने को कहा है।

इस खबर के प्रसारण से पूर्व ही TRP के सुकमा संवाददाता ने यह सूचना भेजी कि कलेक्टर ने दोनों कर्मियों को निलंबित कर दिया है। निलंबन आदेश में उल्लेख है कि प्रथम दृष्टया नौकरी के नाम पर रुपयों की ठगी के मामले में दोनों कर्मचारी दोषी पाए गए हैं। अब यह मामला पुलिस के पास जाएगा जहां दोनों आरोपियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

देखें आदेश

Hindi News के लिए जुड़ें हमारे साथ हमारे
फेसबुक, ट्विटरयूट्यूब, इंस्टाग्राम, लिंक्डइन, टेलीग्रामकू और वॉट्सएपपर

रंजना वर्मा पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया से जुड़ी अनुभवी न्यूज राइटर हैं। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है। रायपुर के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश से जुड़े समसामयिक मुद्दों के साथ राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लेखन किया है। समाचार लेखन के साथ SEO आधारित कंटेंट तैयार करने में भी उनकी अच्छी पकड़ है। सरल भाषा में तथ्यों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करना और पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है।