टीआरपी न्यूज/ मुंबई। मुख्यमंत्री पद की शपथ लेने के सीएम देवेंद्र फडणवीस ने अपनी पहली

प्रतिक्रिया में कहा कि राज्‍य को खिचड़ी सरकार की जरूरत नहीं थी। शिवसेना ने जनादेश का

अपमान किया। इसलिए हमें यह कदम उठाना पड़ा। उधर, अजित पवार ने शपथ लेने के बाद

कहा कि महाराष्‍ट्र में किसानों की समस्‍या हमारी प्राथमिकता है। अजित पवार ने कहा कि चुनाव

परिणाम के दिन से ही कोई भी पार्टी सरकार बनाने की स्थिति में नहीं थी। महाराष्‍ट्र कई समस्‍याओं

का सामना कर रहा है, जिसमें किसानों का मुद्दा शामिल है। इसलिए हमने एक स्थिर सरकार बनाने

का फैसला किया।

 

नवंबर को लगा था राष्ट्रपति शासन

महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव के नतीजे 24 अक्टूबर को घोषित हुए थे। बीजेपी-शिवसेना गठबंधन को

स्पष्ट बहुमत मिला था लेकिन शिवसेना के सीएम पद पर अड़े रहने की वजह से सरकार गठन पर

तकरार बनी रही। बीजेपी ने 105 और शिवसेना ने 56 सीटों पर जीत हासिल की थी। वहीं, एनसीपी

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को 54 और कांग्रेस को 44 सीटों पर विजय मिली थी। बीजेपी के सरकार बनाने से कदम खींचने के

बाद राज्यपाल ने शिवसेना और एनसीपी को मौका दिया। इसके बाद राज्य में 9 नवंबर को राष्ट्रपति

शासन लग गया था। पिछले एक हफ्ते से शिवसेना, एनसीपी और कांग्रेस के बीच सरकार गठन पर

चर्चा हो रही थी लेकिन शनिवार सुबह महाराष्ट्र की राजनीति ने नई करवट ले ली।

 

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रंजना वर्मा पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया से जुड़ी अनुभवी न्यूज राइटर हैं। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है। रायपुर के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश से जुड़े समसामयिक मुद्दों के साथ राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लेखन किया है। समाचार लेखन के साथ SEO आधारित कंटेंट तैयार करने में भी उनकी अच्छी पकड़ है। सरल भाषा में तथ्यों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करना और पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है।