नई दिल्ली : कल यानि सोमवार को RBI की मौद्रिक नीति समिति (MPC) की बैठक होनी है। यह बैठक तीन दिन तक चलेगी। जिसमे आरबीआई के गवर्नर शक्तिकांत दास बुधवार को सोमवार नीतिगत ब्याज दरों यानी रेपो रेट में कोई इजाफा किया जा रहा है या नहीं इस पर मुहर लगा सकते है। खबर है की आरबीआई इस बार भी ब्याज दरे बढ़ा सकता है।हालांकि, इसकी वृद्धि दर में जरूर कमी देखी जाएगी। विश्लेषकों के अनुसार, रेपो रेट 25 बेसिस पॉइंट या 0.25 फीसदी तक बढ़ाई जा सकती है। पिछले साल आरबीआई ने रेपो रेट को 5 बार बढ़ाया था और इसे 6.25 फीसदी तक पहुंचा दिया था।

बता दी कि बीते साल दिसंबर में हुई बैठक में एमपीसी ने ब्याज दर में 0.35 फीसदी का इजाफा करने का फैसला किया था। कुल बढ़ोतरी 225 बेसिस पॉइंट या 2.25 फीसदी की हुई थी। इसमें तीन बार ब्याज दर 0.50 फीसदी बढ़ाई गई थी। रेपो रेट बढ़ने से बैंकों के लिए आरबीआई से पैसा लेना महंगा हो जाता है और इसका सीधा असर आम आदमी की जेब पर दिखता है। बैंक भी फिर ग्राहकों के लिए लोन महंगा कर देते हैं। होम लोन की ब्याज दरें पहले ही 8.50 फीसदी से ऊपर निकल चुकी हैं। एक बार फिर ब्याज बढ़ने से इसके और ऊपर जाने की आशंका है।

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