नई दिल्ली। भारतीय रेलवे जल्द ही एक ऐसा फैसला लेने जा रहा है, जिसके तहत करोड़ों की संख्या में रोजाना ट्रेनों में सफर करने वाले यात्री सफर के दौरान रात में ट्रेन में मोबाइल फोन और लैपटॉप चार्ज नहीं कर पाएंगे।

बता दें कि कुछ ट्रेनों में आग लगने की घटनाएं सामने आने के बाद रेलवे यह कदम उठाने पर मजबूर हो रहा है। रेलवे के सीनियर अधिकारियों के अनुसार, रात में ट्रेनों में मोबाइल चार्ज करने की सुविधा को बंद करने के फैसले को एहतियाती कदम है। एक रिपोर्ट में, रेलवे के एक वरिष्ठ अधिकारी ने दावा किया कि मोबाइल फोन और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों को चार्ज करने के लिए उपयोग किए जाने वाले प्वाइंट्स को रात 11 बजे से सुबह 5 बजे तक बंद रखा जाएगा।

इसके अलावा, रेलवे धूम्रपान संबंधित नियमों को भी कड़ा करेगा। माना जा रहा है कि आग लगने की घटनाओं के पीछे एक वजह यह भी है। ट्रेनों में ज्वलनशील वस्तुओं को ले जाना रेलवे अधिनियम की धारा 164 के तहत दंडनीय अपराध है और अपराधी को तीन साल तक का कारावास या 1,000 रुपए या फिर दोनों का जुर्माना हो सकता है। वहीं, धारा 165 के तहत 500 रुपए भी बतौर जुर्माना देना पड़ सकता है।

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भारतीय रेलवे ने जोनल रेलवे को निर्देश दिया है कि आग की घटनाओं के खिलाफ बरती जाने वाली सावधानियों के बारे में रेलवे के उपयोगकर्ताओं और कर्मचारियों सहित सभी हितधारकों को शिक्षित करने के लिए सात दिनों का गहन जागरूकता अभियान शुरू किया जाए।

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रंजना वर्मा पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया से जुड़ी अनुभवी न्यूज राइटर हैं। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है। रायपुर के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश से जुड़े समसामयिक मुद्दों के साथ राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लेखन किया है। समाचार लेखन के साथ SEO आधारित कंटेंट तैयार करने में भी उनकी अच्छी पकड़ है। सरल भाषा में तथ्यों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करना और पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है।