रूस-यूक्रेन युद्ध असर: शेयर बाजार क्रेश, सोना 51200 के पार, आपकी जेब होगी और ढीली

नई दिल्ली। Ukraine Russia Impact on Share Market: रूस के प्रेसिडेंट व्लादिमीर पुतिन ने यूक्रेन के साथ युद्ध की घोषणा कर दी है। रूस-यूक्रेन युद्ध से आज शेयर बाजार में भारी गिरावट देखने को मिल रही है। पहले मिनट में बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) का सेंसेक्स 1,900 पॉइंट्स टूटकर 55,338 पर पहुंच गया है।

बैंकिंग शेयर्स की जबरदस्त पिटाई हो रही है। निवेशकों को शुरुआती मिनट में 8 लाख करोड़ रुपए का घाटा हुआ है। सेंसेक्स में लिस्टेड कंपनियों का मार्केट कैप 247.18 लाख करोड़ रुपए है, जो कल 255 लाख करोड़ रुपए था। 10.15 बजे ये 1809 अंकों की गिरावट के साथ 55,422 पर करोबार कर रहा है।

वहीं, कच्चे तेल की कीमतें भी 99.66 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गई हैं। सोना 51000 के पार पहुंच गया तो डॉलर के मुकाबले रुपया पहले से और कमजोर हो गया। इसका असर आपकी जेब पर भी पड़ेगा।

भारतीय रुपये में गिरावट

बुधवार को शुरुआती कारोबार में अमेरिकी डॉलर के मुकाबले रुपया 32 पैसे गिरकर 74.79 पर आ गया। युद्ध की वजह से अभी रुपये में और गिरावट की आशंका बढ़ गई है।

कच्चा तेल पर असर

इस क्षेत्र को रुपये की कमजोरी से सबसे ज्यादा नुकसान होता है, क्योंकि यह आयात किया जाता है। कच्चे तेल का आयात बिल में बढ़ोतरी होगी और विदेशी मुद्रा ज्यादा खर्च करना होगा।

कैपिटल गुड्स और इलेक्ट्रॉनिक सामान होंगे महंगे

रुपये की मजबूती से इस सेक्टर को भी राहत मिलती क्योंकि रुपये की मजबूती से भारत में सस्ते कैपिटल गुड्स मिलते हैं। वहीं रुपया कमजोर हो तो कैपिटल गुड्स के साथ-साथ इलेक्ट्रॉनिक क्षेत्र को भी नुकसान होगा, क्योंकि समहंगे इलेक्ट्रॉनिक गु्ड्स आयात किए जा सकेंगे।

रुपये की कमजोरी का नकारात्मक असर जेम्स एंड ज्वैलरी सेक्टर पर दिखाई देगा। इससे यह महंगा होगा और आयात पर भी इसका असर आएगा।

रंजना वर्मा पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया से जुड़ी अनुभवी न्यूज राइटर हैं। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है। रायपुर के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश से जुड़े समसामयिक मुद्दों के साथ राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लेखन किया है। समाचार लेखन के साथ SEO आधारित कंटेंट तैयार करने में भी उनकी अच्छी पकड़ है। सरल भाषा में तथ्यों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करना और पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है।