रायपुर। Medical College of Chhattisgarh केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने प्रदेश के सभी छह सरकारी व दो निजी मेडिकल कॉलेज को नए सत्र में एडमिशन के लिए मान्यता दे दी है। नेहरू मेडिकल कॉलेज को स्थायी मान्यता पहले ही मिल चुकी है।

प्रदेश में एमबीबीएस की कुल 1220 सीटें हैं, जिनमें 1070 सीटों को मान्यता मिल चुकी है। जबकि दुर्ग स्थित एक निजी कॉलेज की 150 सीटें अटक गई हैं। नीट का रिजल्ट आ गया है। दिल्ली से छत्तीसगढ़ का रिजल्ट आने में सप्ताहभर लग सकता है।

बता दें कि रायपुर व सिम्स बिलासपुर में एमबीबीएस की 180-180, राजनांदगांव व जगदलपुर में 125-125, अंबिकापुर में 100 व रायगढ़ में एमबीबीएस की 60 सीटें हैं। अंबिकापुर में जीरो ईयर होने के कारण गरीब सवर्णो के लिए 25 सीटें नहीं मिल पाईं थीं, जो इस साल मिलने की संभावना है। इससे एमबीबीएस की 25 सीटें और बढ़ जाएंगी।

वहीं रायपुर व भिलाई स्थित दो निजी कॉलेजों में एमबीबीएस की 300 सीटें हैं। डीएमई कार्यालय के अधिकारियों का कहना है कि इस बार काउंसिलिंग का शेड्यूल केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय से आएगा। कोरोना के कारण इस बार सत्र में काफी देरी हो चुकी है।

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बता दें कि एमबीबीएस में एडमिशन की आखिरी तारीख 30 अगस्त थी। वहीं सरकारी मेडिकल कॉलेजों में 18 अगस्त तक एडमिशन का शेड्यूल रहता है, जिसे बीते दो माह बीत चुका है। कोरोना के कारण मार्च से एमबीबीएस की क्लास नहीं लग रही है। बाद में ऑनलाइन क्लास शुरू की गई।

सरकारी मेडिकल कॉलेज व सीटें

रायपुर – 180
बिलासपुर – 180
राजनांदगांव – 125
जगदलपुर – 125
रायगढ़ – 60
अंबिकापुर – 100

निजी कॉलेज

रायपुर – 150
भिलाई – 150
दुर्ग – 150

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रंजना वर्मा पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया से जुड़ी अनुभवी न्यूज राइटर हैं। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है। रायपुर के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश से जुड़े समसामयिक मुद्दों के साथ राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लेखन किया है। समाचार लेखन के साथ SEO आधारित कंटेंट तैयार करने में भी उनकी अच्छी पकड़ है। सरल भाषा में तथ्यों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करना और पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है।