नई दिल्ली। ADR report असोसिएशन फॉर डेमोक्रेटिक रिफॉर्म्स (ADR) की ताजा रिपोर्ट के मुताबिक, 2018-19 में बीजेपी (BJP donations) को सर्वाधिक 698 करोड़ रुपए का कॉर्पोरेट चंदा (20 हजार रुपए से अधिक) मिला तो कांग्रेस दूसरे नंबर पर रही और उसे 122.5 करोड़ रुपए का दान मिला। 5 राष्ट्रीय दलों में से बीजेपी को सबसे अधिक 1573 कॉर्पोरेट/व्यापारिक दान दाताओं (20 हजार रुपए से अधिक) से 698 करोड़ दान मिला।

कॉर्पोरेट डोनेशन के मामले में दूसरे स्थान पर कांग्रेस पार्टी है जिसे 122 दान दाताओं से 122.50 करोड़ रुपए दान मिला और एनसीपी को 17 कॉर्पोरेट/व्यापारिक दान दाताओं से 11.345 करोड़ का दान मिला। वित्त वर्ष 2018-19 के बीच बीजेपी और कांग्रेस को क्रमश: स्वैच्छिक योगदान (20,000 रुपए से अधिक) से 94% और 82% का दान कॉर्पोरेट या व्यापारिक घरों से प्राप्त हुआ। कॉर्पोरेट से सीपीआई ने कोई भी दान घोषित नहीं किया है।

किसने दिया सबसे ज्यादा दान

टाटा समूह समर्थित प्रोग्रेसिव इलेक्टोरल ट्रस्ट बीजेपी, कांग्रेस और तृणमूल कांग्रेस का शीर्ष दान दाता है। ट्रस्ट ने एक वर्ष में तीन बार तीन दलों को कुल 455.15 करोड़ का दान दिया है। प्रोग्रेसिव इलेक्टोरल ट्रस्ट के प्रत्येक दान से बीजेपी, कांग्रेस और तृणमूल कांग्रेस को क्रमश: 365.535 करोड़, 55.629 करोड़ और 42.986 करोड़ का दान प्राप्त हुआ है।

बीजेपी को सबसे अधिक 356.535 करोड़ रुपए प्रोग्रेसिव इलेक्टोरल ट्रस्ट ने दिए तो 67.25 करोड़ रुपए प्रूडेंट इलेक्टोरल ट्रस्ट और 28 करोड़ रुपए एबी जनरल इलेक्टोरल ट्रस्ट ने दिए। कांग्रेस को सबसे अधिक 55.629 करोड़ रुपए प्रोग्रेसिव इलेक्टोरल ट्रस्ट, 34 करोड़ प्रूडेंट इलेक्टोरल ट्रस्ट और 7 करोड़ ग्वालियर एलकोब्रू प्राइवेट लिमिटेड ने दिए।

टॉप पांच कॉर्पोरेट डोनर

देश के पांच सबसे बड़े कॉर्पोरेट डोनर्स की सूची में पहला नंबर प्रोग्रेसिव इलेक्टोरल ट्रस्ट का है जिसने वित्त वर्ष 2018-19 में कुल 455.15 करोड़ रुपए दान किए। इसके बाद दूसरे नंबर पर प्रूडेंट इलेक्टोरल ट्रस्ट है, जिसने 10.25 करोड़ खर्च किए।

तीसरा नंबर एबी जनरल इलेक्टोरल ट्रस्ट का है, जिसने 30 करोड़ रुपए दान किए तो बीजी शिरके कंस्ट्रक्शन टेक्नॉलजी ने 20 करोड़ रुपए का दान दिया। पांचवें स्थान पर मॉर्डन रोड मेकर्स हैं, जिन्होंने 15.65 करोड़ रुपए राजनीतिक दलों को दिए।

किस पार्टी को कितना कॉर्पोरेट दान?

बीजेपी को वित्त वर्ष 2018-19 में कुल 742.15 करोड़ रुपए का दान मिला जिसमें से 698.1 करोड़ रुपए कॉर्पोरेट सोर्स से मिले। कांग्रेस को मिले कुल 148.58 करोड़ चंदों में से 122.5 करोड़ रुपए कॉर्पोरेट से मिले। तृणमूल कांग्रेस को 44.26 करोड़ रुपए में से 42.99 करोड़ रुपए कॉर्पोरेट से मिले तो एनसीपी को कुल 12.05 में से 11.35 करोड़ रुपए कॉर्पोरेट से मिले।

2012-13 से 2018-19 तक किस पार्टी को कितना कॉर्पोरेट चंदा

छह सालों में बीजेपी को कुल 2,319 करोड़ रुपए का कॉर्पोरेट चंदा मिला तो इस दौरान कांग्रेस पार्टी को 376.02 करोड़ और एनसीपी को 69.81 करोड़ रुपए मिले। तृणमूल कांग्रेस को 45.02 करोड़ रुपए मिले।

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रंजना वर्मा पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया से जुड़ी अनुभवी न्यूज राइटर हैं। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है। रायपुर के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश से जुड़े समसामयिक मुद्दों के साथ राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लेखन किया है। समाचार लेखन के साथ SEO आधारित कंटेंट तैयार करने में भी उनकी अच्छी पकड़ है। सरल भाषा में तथ्यों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करना और पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है।