बच्चों को कोरोना वैक्सीन लगाने का फैसला अनसाइंटिफिक, AIIMS के डॉक्टर ने उठाए सवाल

टीआरपी डेस्क। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने देश में जारी टीकाकरण को लेकर मंगलवार को स्पष्टीकरण दिया। मंत्रालय ने कहा कि कोविशील्ड की खुराक में कोई बदलाव नहीं किया गया है। इसकी केवल दो खुराक होगी। पहली कोविशील्ड खुराक देने के बाद दूसरी खुराक 12 सप्ताह बाद दी जाएगी। कोवैक्सीन को लेकर भी यही प्रक्रिया रहेगी। आईसीएमआर के प्रमुख बलराम भार्गव ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि मध्य जुलाई या अगस्त तक हम रोज एक करोड़ लोगों को टीके लगा सकेंगे और दिसंबर तक हम देश की पूरी आबादी को टीके लगा देंगे।

टीकों की किल्लत नहीं

आईसीएमआर के महानिदेशक बलराम भार्गव ने कहा कि देश में वैक्सीन की कमी नहीं है। मध्य जुलाई या अगस्त तक हमारे पास रोज एक करोड़ लोगों को टीके लगाने के लिए पर्याप्त डोज होंगे। दिसंबर तक देश की पूरी आबादी को टीके लगा लेने का हमें पूरा विश्वास है।

20 लाख टेस्ट रोज : स्वास्थ्य मंत्रालय

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के संयुक्त सचिव लव अग्रवाल ने कहा कि 16-22 फरवरी के बीच प्रतिदिन देश में 7.7 लाख टेस्ट प्रतिदिन किए जा रहे थे। अब हम लगभग 20 लाख टेस्ट प्रतिदिन कर रहे हैं। अब तक हम देश में कुल 34.67 करोड़ टेस्ट कर चुके हैं।

See also  छत्तीसगढ़: ओडिशा निर्मित 200 नग महुआ शराब जब्त...तस्करी कर रहे 3 आरोपी गिरफ्तार

सक्रिय मामलों में 50 फीसदी की कमी

अग्रवाल ने कहा कि देश में सक्रिय मामलों में 50 फीसदी की कमी आई है। वहीं बीते 24 घंटे में सक्रिय मामलों में 1.3 लाख की कमी आई है। 30 राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों में एक सप्ताह से लगातार मामले घट रहे हैं, जो कि एक अच्छा संकेत है। उन्होंने कहा कि तीन मई को देश में 17.13 फीसदी सक्रिय मामले थे अब वह सिर्फ 6.73 फीसदी रह गए हैं।

29 राज्यों में पांच हजार से कम मामले : स्वास्थ्य मंत्रालय

स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार देश में 29 राज्य और केंद्रशासित प्रदेश ऐसे हैं जहां प्रतिदिन 5000 से कम मामले दर्ज किए जा रहे हैं। 28 अप्रैल से 4 मई के बीच देश में 531 ऐसे जिले थे जहां प्रतिदिन 100 से अधिक मामले दर्ज किए जा रहे थे। ऐसे जिले अब 295 रह गए हैं।

Hindi News के लिए जुड़ें हमारे साथ हमारे फेसबुक, ट्विटरटेलीग्राम और वॉट्सएप पर

 

See also  टेरर फंडिंग: ईडी ने जब्त की अलगाववादी नेता शब्बीर अहमद की 2 करोड़ की संपत्ति

रंजना वर्मा पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया से जुड़ी अनुभवी न्यूज राइटर हैं। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है। रायपुर के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश से जुड़े समसामयिक मुद्दों के साथ राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लेखन किया है। समाचार लेखन के साथ SEO आधारित कंटेंट तैयार करने में भी उनकी अच्छी पकड़ है। सरल भाषा में तथ्यों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करना और पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है।