रायपुर। प्रदेश में लगातार बढ़ते कोरोना मरीजों की संख्या और भविष्य की जरूरतों को देखते हुए स्वास्थ्य मंत्री टी.एस. सिंहदेव के निर्देश पर राज्य सरकार ने डाॅ. खूबचंद बघेल स्वास्थ्य सहायता योजना से अनुबंधित अस्पतालों में भी उपचार की अनुमति दे दी है।

योजना के तहत 50 या 50 बिस्तर से ऊपर के ऐसे अस्पताल जहां शासन द्वारा निर्धारित मापदण्ड़ो के अनुसार सुविधा उपलब्ध हैं। वहां इस विश्वव्यापी महामारी का उपचार किया जा सकेगा।

कोरोना संदिग्ध मरीजों के उपचार के लिए यह सुविधा उपलब्ध नहीं होगी, यानि कोरोना पाॅजिटिव मरीजों के उपचार की ही अनुमति होगी। डाॅ. खूबचंद बघेल स्वास्थ्य सहायता, आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन अरोग्य योजना के लिए अनुबंधित अस्पतालों में कोरोना बीमारी के उपचार के लिए पैकेज शासन ने तय कर दिया है। इस विश्वव्यापी महामारी के लिए 50 बिस्तर या उससे अधिक बिस्तर वाले अस्पतालों को ही उपचार की अनुमति तकनीकी समिति के परीक्षण के बाद होगी।

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डाॅ. खूबचंद बघेल स्वास्थ्य सहायता योजना के निजी अनुबंधित अस्पताल जिन्हें कोरोना मरीजों के उपचार के लिए अनुमति प्रदान की जाएगी। इन अस्पतालों का तकनीकी समिति के द्वारा परीक्षण किया जाएगा। समिति के अनुशंसा के उपरान्त ही इलाज के लिए अनुमति जारी की जाएगी।

तकनीकी समिति की अनुशंसा के बाद शासन से कोरोना मरीजों के उपचार के लिए अनुमति जारी होगी। संक्रमण की रोकथाम के लिए शासन द्वारा समय-समय पर दिशा-निर्देश जारी किये गए हैं। जिस पर समय व परिस्थितियों के अनुसार बदलाव होते रहते हैं, इन निर्देशों का पूरी कड़ाई से पालन करना होगा। अस्पताल को कोरोना व अन्य मरीजों के रास्ते की व्यवस्था अलग-अलग करनी होगी। निजी अनुबंधित अस्पतालों को अपने स्टाॅफ को कोरेन्टाईन कराने की व्यवस्था स्वयं करानी होगी। इसके अलावा अस्पताल में डाॅनिंग-डाफिंग क्षेत्र भी रखना अनिवार्य होगा।.

निजी अनुबंधित अस्पतालों में कुल बिस्तर का न्यूनतम 10 प्रतिशत आईसीयू होना अनिवार्य हैं। इसके साथ-साथ वेन्टिलेटर व ऑक्सीजन की सुविधा आवश्यक होगी। पूरे समय एम.बी.बी.एस. ड्यूटी डाॅक्टर उपस्थित रहेंगे। इनके अलावा क्वालिफाई कंसलटेन्ट डाॅक्टर को भी रखना होगा। जिससे मरीजों को किसी भी विषम परिस्थिति से उबारा जा सके।

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निजी अनुबंधित अस्पताल, जिनमें कोरोना का उपचार होगा। उनके लिए राज्य शासन द्वारा समय-समय पर जारी निर्देशों का पालन करना अनिवार्य होगा।समय परिस्थितियों को देखते हुए कोरोना मरीजों के उपचार के लिए केन्द्र व राज्य सरकार द्वारा निर्देश जारी किये जाते हैं। इन निर्देशों के हिसाब से ही मरीजों का उपचार किया जाता हैं।

जानें निजी अस्पतालों के लिए निर्धारित इन पॅकेज के बारे में

जनरल वार्ड आईसोलेशन के साथ 2200 रुपए प्रतिदिन
आईसीयू वेन्टीलेटर रहित आईसोलेशन 3,750 रुपए प्रतिदिन
आईसीयू वेन्टीलेटर सहित आईसोलेशन 6,750 रुपए प्रतिदिन

रंजना वर्मा पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया से जुड़ी अनुभवी न्यूज राइटर हैं। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है। रायपुर के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश से जुड़े समसामयिक मुद्दों के साथ राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लेखन किया है। समाचार लेखन के साथ SEO आधारित कंटेंट तैयार करने में भी उनकी अच्छी पकड़ है। सरल भाषा में तथ्यों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करना और पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है।