रायपुर। गोलीकांड के बाद विवादों में आये राजधानी के विवादित क्वींस क्लब (Queens Club) की लीज को आखिरकार खत्म करने की अनुशंसा कर दी गई है। इसके पीछे कारण बताया जा रहा है कि क्वींस क्लब को लीज (Queens Club lease) में देने के लिए हरबक्श सिंह बत्रा को प्रारंभिक राशि के रूप में 1.70 करोड़ रुपए जमा करने था और सालाना 12 लाख रुपए क्लब का किराया देना था।

लेकिन प्रारंभिक राशि भी पूरी नहीं जमा कराई गई और लीज में क्लब मिलने के बाद सालाना किराया भी नहीं दिया गया। पूरी रकम नहीं मिलने के बावजूद हाउसिंग बोर्ड के अफसरों ने एक बार भी बत्रा को न तो नोटिस दी और न ही क्लब खाली करने की चेतावनी। ऐसे में सवाल उठता है कि क्या हरबक्श सिंह बत्रा के सामने हाउसिंग बोर्ड लाचार हो चुका है। गृह निर्माण मंडल के अध्यक्ष और रायपुर उत्तर विधायक कुलदीप सिंह जुनेजा भी लीज के इस मामले में सामने नहीं आये। ऐसे में अब देखना है कि इस बार क्लब की लीज रद्द हो पाती है या नहीं।

See also  नकटी में 72 एकड़ जमीन का क्या है खेल? पूर्व मंत्री मोहम्मद अकबर ने खोले सरकारी पत्र के राज!

उच्चस्तर पर भेजी गयी अनुशंसा: कार्यपालन अभियंता

इधर, बताया जा रहा है कि बोर्ड के तात्कालीन अफसरों के संरक्षण की वजह से ही संचालक ने बिना कोई किराया चुकाए बाद में क्वींस क्लब की लीज को सबलीज में दे दिया। नियमों के तहत बोर्ड के प्रस्ताव या मंजूरी के बिना क्लब को सबलीज में दिया ही नहीं जा सकता है। इधर, हाउसिंग बोर्ड संभाग-02 शंकरनगर के कार्यपालन अभियंता अजीत पटेल का कहना है कि सभी बिंदुओं और नियमों के तहत क्वींस क्लब की जांच पूरी कर ली गई है। जांच रिपोर्ट में लीज खत्म करने की अनुशंसा की गई है। इसे उच्चस्तर पर भेजा गया है। निर्णय वहीं लिया जाएगा।

150 पेज की जांच रिपोर्ट तैयार

बता दें कि हाउसिंग बोर्ड के कार्यपालन अभियं‌ता ने करीब 150 पेज की जांच रिपोर्ट में कहा कि इस मामले में नियमों का जमकर उल्लंघन किया गया है। इसलिए एमीनेन्ट इंफ्रास्ट्रक्चर लिमिटेड यानी हरबक्श सिंह बत्रा को दी गई लीज तत्काल खत्म करनी चाहिए। हाउसिंग बोर्ड कमिश्नर ने जांच रिपोर्ट आवास पर्यावरण मंत्री मोहम्मद अकबर ( Mohammad Akabar ) के अलावा सचिव को भी भिजवाई है। हालांकि शासन की तरफ से इस रिपोर्ट पर अब तक कार्रवाई की सूचना नहीं है। कोरोना लॉकडाउन के दौरान सितंबर में क्वींस क्लब में जमकर पार्टी की गई और वहां गोली भी चल गई। इससे क्लब बुरी तरह विवादों से घिर गया।

See also  कांवर यात्रा: बाबा भोलेनाथ की भक्ति में रमे मुख्यमंत्री, जयघोष से गूंजी राजधानी...देखें तस्वीरें

लाइसेंस फिर से हथियाने के लिए जोर लगाया

बात करें बत्रा कि तो वो हर तरह से क्लब फिर कब्जाने की कोशिश में हितैषियों के बंगले के चक्कर काट रहे हैं। यदि न्याय संगत कार्रवाई हुई तो लाइसेंस के साथ लीज निरस्त तय है। इधर हरबख्श बत्रा ने आबकारी विभाग और हाउसिंग बोर्ड के बड़े अधिकारियों को सेवा का वास्ता देकर लीज और बार का लाइसेंस फिर से हथियाने के लिए जोर लगाया है।

जानिए क्यों खास है ये जगह

वीआईपी रोड (VIP Road) में जितने में लाइसेंसी बार है, वहां पर अमूनन सभी होटलों और ढाबों में क्वींस क्लब स्तर की पार्टियों आयोजित होती रही हैं। जहां काम्पिटिशन के साथ पार्टी में होने वाले खातिरदारी के नाम पर बड़ी इंट्री फीस लेकर इंट्री दी जाती है। इसी कारण वहां जाने वाले युवा मौज मस्ती में के नाम से पैसा वसूलने का फायदा उठाकर इंजाय करते है। नशे की पार्टी का आयोजन करने के मामले में जांच के घेरे में आए क्लब के डायरेक्टर हरबख्श सिंह बत्रा के खिलाफ अभी तक न तो हाउसिंग बोर्ड और न ही जिला प्रशासन ने कोई कार्रवाई की। केवल नोटिस पर नोटिस देकर खाना पूर्ति की है। अब देखना ये है कि इस बार ये लीज रद्द होती है या नहीं।

See also  CG CORONA UPDATE : देश भर में बढ़ रहे हैं कोरोना के मामले, स्वास्थ्य मंत्री सिंहदेव ने की प्रदेशवासियों से ये अपील

Chhattisgarh से जुड़ी Hindi News के अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें Facebook पर Like करें, Twitter पर Follow करें और Youtube  पर हमें subscribe करें। एक ही क्लिक में पढ़ें  The Rural Press की सारी खबरें।

रंजना वर्मा पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया से जुड़ी अनुभवी न्यूज राइटर हैं। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है। रायपुर के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश से जुड़े समसामयिक मुद्दों के साथ राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लेखन किया है। समाचार लेखन के साथ SEO आधारित कंटेंट तैयार करने में भी उनकी अच्छी पकड़ है। सरल भाषा में तथ्यों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करना और पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है।