रायपुर। छत्तीसगढ़ विधानसभा में आज घुमंतू और आवारा पशुओं के संरक्षण का मुद्दा गरमाया रहा। बलोद जिले के गुंडरदेही विधानसभा क्षेत्र के विधायक कुंवर सिंह निषाद ने सदन में सरकार से प्रदेश में संचालित पशु संरक्षण योजनाओं और उनकी प्रभावशीलता पर कड़े सवाल पूछे। उन्होंने मंत्री रामविचार नेताम से जवाब मांगा कि वर्तमान में कितने योजनाएं संचालित है।

मंत्री रामविचार नेताम ने जवाब देते हुए बताया कि प्रदेश में गौधाम योजना संचालित है। इस योजना के तहत अब तक 11 संस्थाओं का पंजीयन हुआ है, जिनमें से वर्तमान में 3 संचालित हैं। इसके अलावा 25 अन्य संस्थाओं के पंजीयन की प्रक्रिया अभी भी प्रक्रियाधीन है।

विधायक कुंवर सिंह निषाद ने राज्य में घुमंतू पशुओं की स्थिति को लेकर सरकार से विस्तृत जानकारी मांगी। उन्होंने वर्तमान में प्रदेश में मौजूद ऐसे पशुओं की संख्या, उनके रखरखाव तथा संरक्षण के लिए चलाई जा रही योजनाओं का ब्यौरा सदन के समक्ष रखने की मांग की।

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इस पर पशुधन विकास मंत्री रामविचार नेताम ने जवाब देते हुए बताया कि राज्य में फिलहाल 1,84,993 घुमंतू पशु चिन्हित किए गए हैं। उन्होंने कहा कि इन पशुओं के संरक्षण और देखभाल के लिए सरकार गंभीरता से काम कर रही है तथा विभिन्न योजनाओं के माध्यम से व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जा रही हैं।

मंत्री ने जानकारी दी कि पशुधन संरक्षण के उद्देश्य से प्रदेश में गौधाम योजना संचालित है। वर्तमान में इस योजना के तहत तीन गौधाम संचालित हो रहे हैं, जहां कुल 620 पशुओं को आश्रय दिया गया है। इन गौधामों में चारा, पानी, चिकित्सा सुविधा और अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। साथ ही अन्य स्थानों पर भी नए गौधामों के निर्माण की प्रक्रिया जारी है, ताकि अधिक संख्या में घुमंतू पशुओं को सुरक्षित आश्रय मिल सके।

इस दौरान विधायक कुंवर सिंह निषाद ने पशुओं के रखरखाव और चारे की व्यवस्था पर भी सवाल दागे। जवाब में बताया गया कि प्रत्येक गौधाम में 200 पशुओं को रखने का प्रावधान है। सरकार द्वारा इनके चारे और पानी के लिए प्रति पशु अनुदान दिया जाता है, जो प्रथम वर्ष 10 रुपये से शुरू होकर चौथे वर्ष तक 35 रुपये तक पहुंचता है।

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‘राष्ट्रमाता’ घोषित करने की मांग
बहस के दौरान विधायक ने गौवंश को ‘राष्ट्रमाता’ घोषित करने की भावना भी सदन में रखी। हालांकि, उन्होंने सरकार के उस जवाब पर कड़ी नाराजगी जताई जिसमें कहा गया था कि आवारा पशुओं से कोई बड़ी दुर्घटना या फसल का नुकसान नहीं हो रहा है। विधायक ने इसे हकीकत से परे बताते हुए कहा कि सड़कों पर रोज हादसे हो रहे हैं और किसानों की फसलें बर्बाद हो रही हैं। विधायक निषाद ने यह भी कहा कि वर्तमान सरकार के पास आवारा और घुमंतू पशु संरक्षण के लिए कोई ठोस योजना नहीं है। अब तक सिर्फ 3 गौधाम संचालित हो पाए है। ऐसे में ऐसा लग रहा यही कि आपके विजन 2047 तक इस योजना के पूर्ण क्रियान्वयन की संभावनाएं कम है।

नवीन कुमार साहू को पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में 5 वर्ष से अधिक का अनुभव है। उन्होंने कुशाभाऊ ठाकरे पत्रकारिता एवं जनसंचार विश्वविद्यालय से Bachelor of Science (Electronic Media) और Master of Science (Electronic Media) की डिग्री हासिल की है। उन्होंने राजधानी रायपुर के कई प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों के साथ काम किया है। उन्हें छत्तीसगढ़, राष्ट्रीय समाचार, राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल से जुड़े विषयों पर लेखन का अनुभव है। वे तथ्यपरक, विश्वसनीय और SEO-अनुकूल समाचार एवं लेख तैयार करने में विशेषज्ञता रखते हैं। उनका उद्देश्य पाठकों तक सटीक और उपयोगी जानकारी सरल भाषा में पहुंचाना है।