रायपुर। नगर निगम जोन क्रमांक 4 के अधिकारियों की मनमानी सामने आई है। ठेकोदारों को लाभ पहुंचाने के लिए अधिकारियों ने नियमों का उल्लंघन किया है। नगर निगम के अधिकारियों ने छुट्टी के दिन माह के दूसरे शनिवार को निविदा खोली और रविवार को वर्कऑर्डर जारी कर दिया। जबकि टेंडर फॉर्म में स्पष्ट निर्देश था कि यदि टेंडर खोलने वाले दिन सराकारी अवकाश पड़ता है तो अगले वर्किंग डे पर टेंडर की प्रक्रिया पूरी होगी।

नगर निगम अधिकारियों की मनमानी

टेंडर फार्म में स्पष्ट लिखा रहता है कि यदि टेंडर वाले दिन सरकारी छुट्टी वाले दिन फार्म खोलने की तिथि होगी तो वह अगले दिन वर्किंग डे पर खोला जाएगा। निगम के अधिकारियों ने नियमों को दरकिनार करते हुए रविवार को आनन-फानन में वर्क ऑर्डर जारी कर दिया। इतना ही नहीं 11 मार्च से लोकसभा चुनाव की आचार संहिता की कारण ठेकेदार ने 10 मार्च से ही काम करना भी शुरू कर दिया। मिली जानकारी के मुताबिक 9 मार्च को दूसरे शनिवार को 4 बजकर 17 मिनट पर निविदा खोली गई और 10 मार्च को वर्कऑर्डर जारी कर दिया गया।

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क्या है मामला

शास्त्री बाजार और वार्ड क्रमांक 45, 46, 47, 48 में रात्रि कालीन ट्रैक्टर ट्राली के लिए निविदा 21 फरवरी को जारी कर दी गई थी। 6 मार्च तक ऑनलाइन टेंडर भरने का समय दिया गया था। टेंडर से संबंधित दस्तावेज 7 मार्च तक डाक से जोन कार्यालय पहुंचने थे।

जनहित से जुड़े मुद्दे का हवाला

अब इस मामले में ऑडिटर ने आपत्ति दर्ज कराई है। साथ ही ठेकेदार के बिल के भुगतान को रोकने को कहा है। निगम के अधिकारी खुद इस पूरे मामले को संदेह की नजर से देख रहे हैं। इस मामले पर जोन क्रमांक 4 के कमिश्नर चन्दन शर्मा का कहना है कि- टेंडर प्रक्रिया के तहत हुई है। इसमें कही कोई गड़बड़ी नहीं हुई है। ई टेंडरिंग के तहत टेंडर शुक्रवार को ही खुलना था सर्वर डाउन होने की वजह से टेंडर शनिवार को खोला गया था। जनहित से जुड़ा मामला था इसलिए हमने देरी नहीं की।

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