रायपुर। राजधानी के मेडिकल कॉलेज (Medical College Raipur) में जांच के दौरान IV फ्लूइड (रिंगर लेंक्टेट) में कुछ

अज्ञात पदार्थ पाया गया है। ऐसी जानकारी है कि इसमें जो अज्ञात पदार्थ मिला है वो काफी हानिकारक बताया जा रहा है।

इस वजह से संचालनालय स्वास्थ्य विभाग (Directorate Health Department, Chhattisgarh) ने इस बैच को

तत्काल बंद कर उपयोग नहीं करने के निर्देश दिए है।

 

दरअसल मेडिकल कॉलेज में रिंगर लेंक्टेट का उपयोग किए जाने से पहले जांच किया गया था जिससे अज्ञात पदार्थ मिला

है। इसकी सप्लाई सीजीएएससी (CGMSC) द्वारा सप्लाई की गई है. जिसका बैच नंबर 93 एनई 217029 उत्पादन तिथि

मई 2019 और एक्सपायरी डेट की तिथि अप्रैल 2022 है। इस संबंध में संचालनालय स्वास्थ्य सेवाएं राज्य कार्यक्रम

अधिकारी ने निर्देशित किया है कि रिंगर लेक्टेट के इस बैच का उपयोग तत्काल बंद कर दिया जाए। इसके साथ ही

इस संबंध में सभी जिले के शासकीय एवं निजी अस्पतालों को भी सूचित किया जाए।

See also  सैनिक स्कूलों में दाखिले के लिए परीक्षा 10 जनवरी को

कैसे हुई जानकारी

अंबेडकर अस्पताल के डाक्टरों ने गुरुवार को उस समय आईवी फ्लूड में फंगस देखा जब आंख की समस्या वाले

12 मरीजों के ऑपरेशन की तैयारी की जा रही थी। आईवी फ्लूड चढ़ाने के लिए बोतल स्टैंड में लगाते समय उसमें

अज्ञात तत्व तैरता नजर आया। डाक्टरों ने एक दूसरे से चर्चा के बाद सारे ऑपरेशन रद्द करने का फैसला लिया।

उन्होंने इसकी जानकारी विभाग के एचओडी डॉ. एमएल गर्ग को दी। साथ ही विभाग के अधिकारियों क बताया।

गोवा की कंपनी ने किया सप्लाई

डाक्टरों के अनुसार जिस आईवी फ्लूड में अज्ञात तत्व मिला है, वह गोवा की फ्रेसेनियस कबी कंपनी ने सप्लाई किया है।

इसका बैच नंबर 93एनई217029 है। उत्पादन तिथि मई 2019 व एक्सपायरी तिथि अप्रैल 2022 है। पता चला है कि इस

बैच के आईवी फ्लूड की पांच लाख से ज्यादा बोतलों की सप्लाई मेडिकल कॉलेज अस्पताल, जिला अस्पताल, सीएचसी,

पीएचसी व आयुर्वेद कॉलेज अस्पतालों में की गई है।

See also  12वीं के छात्रों के लिए जरूरी खबर, CBSE री-चेकिंग पेमेंट प्रोसेस के लिए दिया बड़ा अपडेट

 

Chhattisgarh से जुड़ी Hindi News के अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें Facebook पर Like करें, Twitter पर Follow करें और Youtube  पर हमें subscribe करें। एक ही क्लिक में पढ़ें  The Rural Press की सारी खबरें।