रायपुर। विधानसभा के विशेष सत्र के दौरान गुरुवार को सदन में मुख्यमंत्री के टेबल में लगे इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस पर भाजपा ने आपत्ति जताते हुए हंगामा किया। स्पीकर की व्यवस्था के बाद सीएम के टेबल पर लगी स्क्रीन हटाई गई।

सदन में मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के टेबल पर इलेक्ट्रानिक डिवाइस देखते ही भाजपा ने आपत्ति जताना शुरू कर दी। भाजपा ने कहा कि बिना अधिसूचना जारी किये बगैर सदन में ऐसे डिवाइस नहीं लगाए जा सकता। ये सदन का विशेषाधिकार है।

भाजपा सदस्य बृजमोहन अग्रवाल, अजय चन्द्राकर व शिव रतन शर्मा ने पूछा कि क्या सदस्यों की निगरानी के लिए ऐसी मशीन लगाई जा रही है? इस पर संसदीय कार्यमंत्री रविन्द्र चौबे ने कहा कि इस सदन में बगैर अध्यक्ष की अनुमति के कोई चीज नहीं लग सकती है।

जो आप कर सकते हैं, वह मैं भी कर सकता हूं, लेकिन कुछ लोकतांत्रिक मर्यादाएं हैं। इस पर भूपेश बघेल ने कहा कि मशीन मैंने भी देखा, मुझे भी उत्सुकता हुई कि ये है क्या?

See also  ACB का BEO ऑफिस में छापा : क्लर्क को स्कूल के चपरासी से रिश्वत लेते रंगे हाथ किया गिरफ्तार…

सचिवालय से मैंने पूछा तो पता चला कि ये सभी सदस्यों के टेबल पर लगेगा। ये सदस्यों की सुविधा के लिए लगाया गया है। इससे सदस्यों को स्क्रीन पर ही प्रश्नोत्तरी मिल जाएगी। संदर्भों के लिए लायब्रेरी नहीं जाना पड़ेगा। यदि कोई मशीन लगाई है तो यह व्यवस्था का प्रश्न नहीं होना चाहिए।

स्पीकर डॉ. चरणदास महंत ने कहा कि छत्तीसगढ़ विधानसभा पेपरलेस वर्किंग की ओर बढ़ रहा है। ये इसकी शुरुआत है। ये सबके टेबल पर लगेगा, लेकिन सदस्यों को आपत्ति है तो सदन की कार्यवाही 5 मिनट रोककर इसे हटाई जाएगी। स्पीकर की व्यवस्था के बाद सीएम के टेबल पर लगी स्क्रीन हटाई गई।

 

Chhattisgarh से जुड़ी Hindi News के अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें 

Facebook पर Like करें, Twitter पर Follow करें  और Youtube  पर हमें subscribe करें।