टीआरपी डेस्क। छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा से विधायक भीमा मंडावी हत्याकांड में राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने 33 आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट फाइल की है। जगदलपुर की एनआईए कोर्ट में फाइल की गई इस चार्जशीट में बताया गया है कि 6 आरोपी अभी तक गिरफ्तार हो चुके हैं। जबकि 5 की मौत हो गई है और 22 अभी भी फरार हैं।

इन आरोपियों को किया गया है गिरफ्तार

दंतेवाड़ा निवासी मडका राम ताती, भीम राम ताती उर्फ भीम ताती, लिंग ताती उर्फ कुमारी लिंग ताती, लक्ष्मण जायसवाल उर्फ लक्ष्मण साओ, रमेश कुमार कश्यप उर्फ रमेश हेमला और हरिपाल सिंह चौहान को गिरफ्तार किया है। इन पर नक्सलियों को आश्रय, भोजन, लॉजिस्टिक सहायता, बिजली के तार और स्टील के कंटेनर उपलब्ध कराने का आरोप है।

हत्या से दो माह पहले दिसंबर 2018 में रची गई साजिश

एनआईए ने अपनी जांच में बताया है कि तत्कालीन विधायक भीमा मंडावी की हत्या की साजिश दिसंबर 2018 में रची गई थी। पश्चिम बस्तर में दंडकारण्य स्पेशल जोनल कमेटी स्तर की बैठक में लिया गया था। फिर दरभा डिवीजन कमेटी स्तर पर फरवरी 2019 में दंतेवाड़ा में गोदरदास के जंगल हुई बैठक में हत्या की साजिश रची गई।

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बारसे सुक्का के नेतृत्व में नक्सलियों ने किया हमला

हमले के लिए बाड़ा देव उर्फ बारसे सुक्का को जिम्मेदारी सौंपी गई। फिर 9 अप्रैल 2019 को नकुलनार-बचेली मार्ग पर श्यामगिरी गांव के पास आईईडी विस्फोट किया गया। नक्सली नेताओं का मानना था कि भीमा मंडावी वार्षिक मेले में शामिल होंगे। विस्फोट के बाद नक्सलियों ने फायरिंग की। इसमें विधायक भीमा मंडावी सहित सीएएफ के 4 जवान शहीद हुए।

एनआईए ने शीर्ष नक्सली नेताओं को भी बनाया है आरोपी

एनआईए की जांच में नक्सलियों के शीर्ष नेताओं को भी आरोपी बनाया गया है। इसमें बाला केशव राव उर्फ गगना उर्फ बसवराज कट्टम सुदर्शन उर्फ आनंद, माललोजुल्ला वेणुगोपाल उर्फ भूपति उर्फ सोनू, थिप्पारी तिरुपति उर्फ देवजी रूला श्रीनिवास उर्फ रमन्ना, हिडमा उर्फ हिडमाना, गणेश उइके उर्फ पक्का हनुमंतु शामिल है।

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