देवपहरी हत्या कांड: हवस में 'शैतान' बन गया था 'संतराम', मृतक की 16 साल की लड़की को बनाना चाहता था दूसरी पत्नी हत्यारा, नहीं मानी तो दुष्कर्म के बाद जिंदा दफना दिया
देवपहरी हत्या कांड: हवस में 'शैतान' बन गया था 'संतराम', मृतक की 16 साल की लड़की को बनाना चाहता था दूसरी पत्नी हत्यारा, नहीं मानी तो दुष्कर्म के बाद जिंदा दफना दिया

कोरबा। korba police कोरबा में पहाड़ी कोरवा परिवार के तीन लोगों की हत्या का मामला सुलझ गया है। हत्यारा अपने ही यहां काम करने वाले की 16 साल की लड़की को दूसरी पत्नी बनाकर रखना चाहता था। जब पहाड़ी कोरवा परिवार नहीं माना, तो जंगल में अपने 5 साथियों के साथ लड़की के पिता और उसके चार साल की बच्ची की पत्थरों से कुचलकर हत्या कर दी और लड़की के साथ छह लोगों ने दुष्कर्म किया। इसके बाद उसे भी पत्थरों में जिंदा दफनाकर फरार हो गए। पुलिस ने इस मामले में सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।

पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार हत्यारों में मुख्य आरोपी संतराम मंझवार है। संतराम मंझवार के यहां पहाड़ी कोरवा का परिवार करीब एक साल से काम करता था। वह गायों की देखभाल समेत अन्य छोटे-मोटे काम करता था और वहीं रहता था।

पहाड़ी कोरवा परिवार में 16 साल की लड़की के पिता, माता, दो साल और चार साल की भतीजी थे। जब भी माता-पिता काम पर होते, संतराम चुपचाप लड़की के कमरे में घुस जाता और बदतमीजी करता। उससे गंदी बातें करता। उसे जबरदस्ती कहता कि वह उसकी दूसरी पत्नी बनकर रहे। जब बात हद से ज्यादा बढ़ने लगी, तो लड़की ने अपने माता-पिता को पूरी बात बताई।

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घरवालों ने विरोध किया तो कर दी हत्या

माता-पिता ने विरोध किया और कहा कि वे अब काम नहीं करना चाहते, उनका हिसाब कर दे। इससे संतराम बिगड़ गया। संतराम ने कहा कि ठीक है, वह सभी को उनके गांव छुड़वा देगा। इसके बाद लड़की की माता और दो साल की भतीजी को एक बाइक पर गढ़ गांव के बस स्टैंड भेज दिया, लेकिन लड़की, उसके पिता और चार साल की भतीजी को दूसरे रास्ते से ले गए। जंगल के रास्ते संतराम और उसके पांच साथियों ने उन्हें छोड़ने की चाल चली।

इस बीच जंगल में सभी ने खूब शराब पी। इसके बाद लाठी और पत्थरों से कुचलकर चार साल की भतीजी और लड़की के पिता को मार डाला। इसके बाद सभी ने लड़की के साथ दुष्कर्म किया। दुष्कर्म करने के बाद लड़की को भी पत्थरों से कुचल दिया।

लड़की को मरा समझकर छोड़कर वहां से भाग निकले। उधर, लड़की की मां इनका इंतजार करने लगी। शुक्रवार से लेकर मंगलवार दोपहर तक कोई पता नहीं चला। गढ़ गांव में किसी ने जब लाशों को देखा तो पुलिस को खबर दी, इसके बाद मामला खुला। मामले में पुलिस ने लेमरू थाना में आरोपियों के खिलाफ धारा 302, 307, 376 (2)जी, 201, 120 बी भादवि का केस दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों में संतराम मंझवार, अनिल सारथी, उमाशंकर यादव, आनंदराम पनिका, परदेशी राम पनिका व अब्दुल जब्बार हैं।

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