Home TRP News औद्योगिक जमीन को फ्री होल्ड करने की प्रक्रिया हुई सरल, उद्योगपति खुद...

औद्योगिक जमीन को फ्री होल्ड करने की प्रक्रिया हुई सरल, उद्योगपति खुद होंगे जमीन के मालिक, अधिकारियों को जारी किया गया दिशा-निर्देश

औद्योगिक जमीन को फ्री होल्ड करने की प्रक्रिया हुई सरल, उद्योगपति खुद होंगे जमीन के मालिक, अधिकारियों को जारी किया गया दिशा-निर्देश
औद्योगिक जमीन को फ्री होल्ड करने की प्रक्रिया हुई सरल, उद्योगपति खुद होंगे जमीन के मालिक, अधिकारियों को जारी किया गया दिशा-निर्देश

रायपुर। उद्योग विभाग ने उद्योगपतियों को दी गई जमीन को फ्री होल्ड करने की प्रक्रिया सरल कर दी है। हालांकि इस संबंध में नियम 2 साल पहले ही लागू कर दिए गए थे, मगर जटिल नियम-कायदों के चलते किसी भी उद्योगपति ने इस दौरान अपनी जमीन फ्री होल्ड नहीं कराई।

वाणिज्य एवं उद्योग विभाग के अवर सचिव कमलेश बंसोड़ ने संचालक, उद्योग संचनालय, प्रबंध संचालक, CSIDC, संयुक्त संचालक,राज्य निवेश प्रोत्साहन बोर्ड और जिला व्यापार एवं उद्योग केंद्र के समस्त महाप्रबंधकों को संबंध में दिशा-निर्देश जारी किया है। इसमें छत्तीसगढ़ औद्यौगिक भूमि एवं भवन प्रबंधन नियम 2015 के अंतर्गत लीज होल्ड भूमि से फ्री होल्ड भूमि नियम – 2019 के संबंध में बिंदुवार मार्गदर्शन दिया गया है।

जमीन के होंगे मालिक, मगर नहीं बदल सकेंगे लैंड यूज़

सरकार से लीज पर मिली जमीन को अब उद्योगपति न्यूनतम 10 वर्ष के बाद फ्री होल्ड करा सकेंगे, मगर उसका लैंड यूज बदल नहीं सकेंगे। इसी तरह अगर किसी का उद्योग कुछ वजहों से बंद हो गया हो, तो उसे भी फ्री होल्ड कराया जा सकेगा। अब तक किसी भी उद्योग की जमीन में नाम ट्रांसफर करने या प्रोडक्ट बदलने के लिए उद्योग विभाग से अनुमति की जटिल प्रक्रिया से गुजरना पड़ता था, मगर अब उद्योगपतियों को इसके लिए कोई भी परेशानी नहीं होगी। इसके अलावा कुल 12 बिंदुओं में सुझाव और मार्गदर्शन जारी किया गया है।

उरला इंडस्ट्रीज एसोसिएशन की मांग पर हुई पहल

वाणिज्य एवं उद्योग विभाग द्वारा सन 2019 में फ्री होल्ड के संबंध में जारी किये गए नियम कायदों को और भी सरल करने की मांग उरला इंडस्ट्रीज एसोसिएशन ने कई बार मुख्यमंत्री के समक्ष रखी थी, जिसके बाद संशोधन नियम सरलीकरण के सुझावों के आधार पर मार्गदर्शन जारी किया गया है। उरला इंडस्ट्रीज एसोसिएशन के निवर्तमान अध्यक्ष विनोद केजरीवाल ने बताया कि अब भी कुछ ऐसे नियम कायदे हैं जिन्हें उनके संगठन ने बदले जाने का सुझाव दिया था, मगर उनका सरलीकरण नहीं किया गया है, फ़िलहाल उद्योगपतियों के हित में संगठन का प्रयास जारी रहेगा।

उद्योग विभाग द्वारा जारी दिशा-निर्देश पर डालिये एक नजर :

Hindi News के लिए जुड़ें हमारे साथ हमारे
फेसबुक, ट्विटरयूट्यूब, इंस्टाग्राम, लिंक्डइन, टेलीग्रामकू और वॉट्सएप, पर