रायपुर। टेरर फंडिंग मामले में पिछले 9 सालों से फरार चल रहे आरोपी को रायपुर पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। रायपुर पुलिस द्वारा आरोपी श्रवण मंडल को झारखंड से पकड़ा गया है। बता दे कि सम्बंधित मामले में आरोपी श्रवण मंडल के खिलाफ ईडी में भी मामला दर्ज है।

अब तक 6 आरोपियों की हो चुकी है गिरफ्तारी

आरोपी श्रवण कुमार मंडल पर साल 2013 में खमतराई थाने में टेरर फंडिंग मामले में अपराध दर्ज किया गया था। जिसमें पांच अन्य आरोपियों धीरज साव, जुबेर हुसैन, आयशा बानो, पप्पू मंडल एवं राजू खान की गिरफ्तारी की जा चुकी है। आरोपियों के विरूद्ध थाना खमतराई में धारा 17, 40 विधि विरूद्ध क्रिया कलाप निवारण अधिनियम 1967 एवं धारा 419 भादवि., 66 ग आईटी एक्ट के तहत अपराध दर्ज किया गया था। जिसके बाद न्यायालय द्वारा पांच आरोपियों को 10 वर्ष की कारावास की सजा सुनाई गई थी। अब रायपुर पुलिस ने एक अन्य आरोपी श्रवण मंडल को झारखंड से गिरफ्तार किया है।

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क्या था पूरा मामला

दरअसल आरोपी श्रवण मंडल द्वारा अपने बैंक खाते से आतंकवादी संगठन सिमी इंडियन मुजाहीद्दीन से जुड़े लोगों के बैंक खातों में लाखों रूपये ट्रांसफर किया गया था। इस मामले में पुलिस द्वारा की गयी पूछताछ में आरोपी ने बताया कि उसके पास पाकिस्तान के आतंकवादी संगठन सिमी इंडियन मुजाहीद्दीन से खालिद मसूद नामक व्यक्ति का फोन आया था। जिसने लाखो रूपये कमाने की बात कहते हुये उसे आई.सी.आई.सी.आई बैंक में खाता खुलवाने को कहा। खालिद ने आरोपी से कहा था कि वह जो भी रकम खाता में डालेगा, उस रकम से 13 प्रतिशत काटकर शेष रकम उसके बताये अन्य खातो में आरोपी को जमा करना होगा।

जिसके बाद आरोपी श्रवण मंडल अपने मौसेरे भाई धीरज साव के साथ आई.सी.आई.सी.आई बैंक में खाता खुलवाया। खाते में जो भी रकम आता उसका 13 प्रतिशत काटकर वो खालिद के बताये अनुसार अन्य खातो में जमा कर देता था। इसके साथ ही कोई अज्ञात व्यक्ति भी श्रवण कुमार को नगदी रकम देता था जिसमें वह 13 प्रतिशत काटकर शेष रकम को उनके बताये बैंक खातों में अपने मौसेरे भाई की मदद से जमा करता था।

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पुलिस की जांच में आरोपी श्रवण मंडल के बैंक खाते में लाखों रूपये के लेन-देन पाए गए हैं। जिसमें उसने अपने मौसेरे भाई धीरज साव के बैंक खाते सहित अन्य लोगों के बैंक खातो में लाखों रूपये जमा किया था। इसके अलावा उसने धीरज साव को लाखों रूपये नगद भी दिया था।

अग्रिम ज़मानत के लिए उच्च न्यायालय में लगाई थी अर्ज़ी

ज्ञात हो कि आरोपी श्रवण कुमार के विरूद्ध टेरर फंडिग मामले में ई.डी. के द्वारा भी मामला पंजीबद्ध किया गया है। जिसमें आरोपी द्वारा अग्रिम जमानत हेतु उच्च न्यायालय में याचिका लगाई गई थी। याचिका को उच्च न्यायालय द्वारा खारिज कर दिया गया था।

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