कॉलेजियम बैठक की जानकारियां देने से उच्च न्यायालय ने किया इंकार

नयी दिल्ली। दिल्ली उच्च न्यायालय ने उच्चतम न्यायालय कॉलेजियम की 12 दिसंबर 2018 को हुई बैठक का मसौदा उपलब्ध कराने के निर्देश संबंधी अपील खारिज कर दी है। मुख्य न्यायाधीश सतीश चंद्र शर्मा और न्यायमूर्ति सुब्रमण्यम प्रसाद की पीठ ने कहा कि सामाजिक कार्यकर्ता अंजलि भारद्वाज की याचिका पर एकल पीठ के आदेश में हस्तक्षेप की आवश्यकता नहीं है।

अंजलि भारद्वाज ने एकल पीठ के 30 मार्च के उस आदेश को चुनौती देते हुए अपील दायर की थी, जिसमें उसने सूचना का अधिकार (आरटीआई) के तहत कॉलेजियम की बैठक का मसौदा उपलब्ध कराने की अर्जी केंद्रीय सूचना आयोग (सीआईसी) द्वारा ठुकराये जाने के फैसले को बरकरार रखा था।

एकल पीठ ने कहा था कि इस बैठक के लिए कॉलेजियम के सदस्यों द्वारा हस्ताक्षरित तथा इसमें अपनाया गया कोई औपचारिक मसौदा उपलब्ध नहीं है, जिसे देखते हुए प्राधिकारियों ने अनुरोध खारिज करने का सही फैसला लिया था।

याचिका में कहा गया था कि 23 जनवरी 2019 को न्यायमूर्ति मदन बी. लोकुर ने एक साक्षात्कार में इस पर नाखुशी जतायी थी कि 12 दिसंबर 2018 के कॉलेजियम के प्रस्ताव को उच्चतम न्यायालय की वेबसाइट पर अपलोड नहीं किया गया। न्यायमूर्ति लोकुर कॉलेजियम की बैठक का हिस्सा थे और 30 दिसंबर 2018 को सेवानिवृत्त हुए थे।

See also  अमन सिंह के खिलाफ कसा शिकंजा, दिल्ली हाईकोर्ट ने CBI को 16 हफ्ते का दिया समय

Hindi News के लिए जुड़ें हमारे साथ हमारे
फेसबुक, ट्विटरयूट्यूब, इंस्टाग्राम, लिंक्डइन, टेलीग्रामकू और वॉट्सएप, पर