विशेष संवादाता, रायपुर

राजधानी रायपुर का मास्टर प्लान- 2031 तैयार हो चुका है, जिसका प्रकाशन शुक्रवार 11 नवंबर को किया गया। इसमें इस बार पिछले मास्टर प्लान- 2021 की तुलना में 18,152 हेक्टेयर अधिक जमीन को शामिल किया गया है। 2021 तक के लिए 16,000 हेक्टेयर जमीन के हिसाब से प्लान बनाया गया था, जबकि इस बार इसमें बढ़ोतरी कर 34,152 हेक्टेयर के लिए प्लान तैयार किया गया है।

वहीं नए मास्टर प्लान में शहर का विकास धमतरी, महासमुंद और बिलासपुर की दिशा में किया जाना प्रस्तावित है। साथ ही शहर के विकास का केंद्र दक्षिणी क्षेत्र को प्रस्तावित किया गया है। जबकि बलौदाबाजार रोड में लाजिस्टिक हब, धमतरी रोड की ओर एजुकेशन हब और बिलासपुर की ओर औद्योगिक केंद्र बनाने की तैयारी है। नए प्लान के हिसाब से रायपुर शहर का दायरा 5,155 वर्ग मीटर होगा।

इसके दायरे में दुर्ग और बेमेतरा जिले का भी कुछ हिस्सा लिया जाएगा। वहीं, पिछली प्लानिंग 25 लाख आबादी के लिए थी, जबकि इस बार 40 लाख आबादी के हिसाब से प्लान तैयार किया गया है। अब नए मास्टर प्लान के तहत बोरियाकला एजुकेशन हब, कचना प्रीमियम रेसिडेंशियल जोन, गिरौद को लाजिस्टिक हब, टाटीबंध को ट्रांसपोर्टेशन जोन, तिल्दा को नए औद्योगिक क्षेत्र के रूप में डेवलप करने की योजना बनाई गई है।