अमेरिका में मौसम का हाल बहुत ही ज्यादा ख़राब है। यह के हालात बेकाबू हो गए हैं। लोग घरों में कैद हैं। बर्फीले बम चक्रवात ने लोगों की जिंदगी मुश्किल में डाल दी है। हालात ऐसे हैं कि इमरजेंसी रेस्‍पॉन्‍स टीमें भी काम नहीं कर पा रही हैं।

जानकारी के मुताबिक अब तक कार क्रैश, पेड़ गिरने और दूसरी वजहों से 18 लोगों की जान जा चुकी है, कई लोग बीमार हैं। लगभग 18 लाख लोग घरों में फंसे हुए हैं। इंटरनेशनल एयरपोर्ट्स बंद हैं और हजारों लोग एयरपोर्ट्स पर भी फंसे हैं। तूफान ने न्यूयॉर्क के बफेलो को पूरी तरह से अपनी चपेट में ले लिया है। बर्फीली हवाओं ने यहां पूरी तरह से व्हाइटआउट की स्थिति पैदा कर दी है। आपातकालीन सुविधाओं का कहना है कि बचाव व राहत कार्य चलाना मुश्किल हो रहा है और शहर के अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे को बंद कर दिया गया है।

एयरपोर्ट पर स्थिति

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समाचार एजेंसी शिन्हुआ की रिपोर्ट के अनुसार स्थानीय समयानुसार शुक्रवार सुबह आठ बजे तक उत्तर-पश्चिमी अमेरिकी राज्य वाशिंगटन के सबसे बड़े शहर सिएटल ने 449 उड़ानें रद्द कर दी थीं। इनमें से 39 फीसदी उड़ानें शहर से बाहर जा रही थीं और 40 प्रतिशत उड़ानें आ रही थीं। देश के अन्य हवाई अड्डों पर भी अफरातफरी का माहौल है। लोग घंटों से फंसे हुए हैं। लेकिन अब खबर आ रही है की तूफान के कारण यहां के अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे को सोमवार सुबह तक के लिए बंद कर दिया गया है। वहीं, बचाव के लिए गए लगभग सभी दमकल ट्रक बर्फबारी में फंसे हुए हैं।

6.5 करोड़ लोगों को ब्लैआउट की चेतावनी

पूर्वी अमेरिका के एक प्रमुख बिजली ग्रिड ऑपरेटर ने 6.5 करोड़ लोगों को ब्लैकआउट की चेतावनी जारी की है। वहीं, पेंसिल्वेनिया स्थित पीजेएम इंटरकनेक्शन ने कहा कि बिजली संयंत्रों को ठंडे मौसम में काम करने में कठिनाई हो रही है और 13 राज्यों के निवासियों से कम से कम क्रिसमस की सुबह तक बिजली बचाने के लिए कहा गया है। टेनेसी वैली अथॉरिटी, जो टेनेसी और आसपास के छह राज्यों के कुछ हिस्सों में 10 मिलियन लोगों को बिजली प्रदान करती है, ने स्थानीय बिजली कंपनियों को नियोजित रुकावटों को लागू करने का निर्देश दिया है।

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