नई दिल्ली। भारत में लुप्त हो रही चीतों की प्रजाति को विकसित करने के लिए दूसरे देशों से चीते मंगाए जा रहे है। भारत में इस बार दक्षिण अफ्रीका से 12 चीते मंगाए जा रहे हैं जो 18 फरवरी को मध्य प्रदेश के कूनो नेशनल पार्क पहुंचेंगे। इन चीतों में 7 नर और 5 मादा चीता शामिल है। इन्हें भारतीय वायुसेना के विशेष विमान से लाया जाएगा।

आपको बता दें कि इससे पहले 2022 में नामीबिया से 8 चीते लाए गए थे। इन चीतों को कूनो नेशनल पार्क में छोड़ा गया था। केंद्रीय पर्यावरण मंत्री भूपेंद्र यादव ने बताया कि दक्षिण अफ्रीका से हवाई मार्ग के जरिए 18 फरवरी को लाए जाने वाले 12 चीतों के लिए कूनो राष्ट्रीय उद्यान में 10 पृथकवास बाड़े तैयार किए गए हैं। 

बता दें कि पहली बार करीब तीन साल पहले भारत सरकार ने दक्षिण अफ्रीका से देश में चीतों को लाने का विचार रखा था और अब शनिवार को ये चीते भारत पहुंचेंगे। डीजी वाइल्डलाइफ एसपी यादव ने बताया कि कूनो नेशनल पार्क में सभी चीतों ने अपने परिवेश को अच्छी तरह से अनुकूलित किया है। हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि एक ‘सासा’ नाम के चीते को छोड़कर सभी चीते स्वस्थ हैं।

See also  IND vs SA 1st T20 Live Updates: ईशान की तूफानी पारी, भारत ने दक्षिण अफ्रीका को दिया 212 रन का लक्ष्य

एसपी यादव ने आगे बताया कि IAF के C-17 ग्लोबमास्टर ने देश में 12 चीतों को लाने के लिए आज सुबह हिंडन एयरबेस से SA के लिए उड़ान भरी। IAF इस कार्य के लिए कोई राशि नहीं ले रहा है। उन्होंने कहा कि 18 फरवरी को केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र यादव और एमपी सीएम चौहान द्वारा कूनो नेशनल पार्क में चीतों को छोड़ा जाएगा। 

गौरतलब है कि भारत में चीतों को बसाने के योजना के तहत इससे पहले फरवरी में नामीबिया से आठ चीते केएनपी में लाए गए थे। भारत में परियोजना से जुड़े एक विशेषज्ञ ने बताया कि सात नर और पांच मादा चीते भारतीय वायुसेना के परिवहन विमान से दक्षिण अफ्रीका से हजारों मील दूर भारत में अपने नए घर के लिए यात्रा शुक्रवार शाम को शुरु करेंगे।