मुंबई। विदेश यात्रा करने वाले भारतीयों को भुगतान का एक नया विकल्प मिलेगा। इससे अब वे रूपे प्रीपेड फॉरेक्स कार्ड से पेमेंट कर सकेंगे। भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने भुगतान विकल्पों का विस्तार और विश्व स्तर पर इसकी पहुंच एवं स्वीकार्यता का विस्तार करने के उद्देश्य से रूपे प्रीपेड फॉरेक्स कार्ड जारी करने का निर्णय लिया है। आरबीआई के गवर्नर शक्तिकांत दास ने गुरुवार को इसकी जानकारी दी है।


शक्तिकांत दास ने बुधवार को चालू वित्त वर्ष में मौद्रिक नीति समिति की दूसरी तीन दिवसीय बैठक के बाद कहा कि, देश में बैंकों की ओर से जारी किए गए रूपे डेबिट और क्रेडिट कार्डों को अंतर्राष्ट्रीय साझेदारों के साथ द्विपक्षीय व्यवस्थाओं और अंतर्राष्ट्रीय कार्ड योजनाओं के साथ सह-बैजिंग व्यवस्थाओं के माध्यम से अंतर्राष्ट्रीय स्वीकृति प्राप्त हुई है। विदेश यात्रा करने वाले भारतीयों के लिए भुगतान विकल्पों का विस्तार करने के लिए यह निर्णय लिया गया है कि भारत में बैंकों द्वारा एटीएम, पीओएस मशीनों और विदेशों में ऑनलाइन व्यापारियों के उपयोग के लिए रुपे प्रीपेड फॉरेक्स कार्ड जारी करने की अनुमति दी जाए। इसके अलावा रूपे डेबिट, क्रेडिट और प्रीपेड कार्ड विदेशों में जारी करने के लिए सक्षम होंगे, जिनका भारत सहित अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उपयोग किया जा सकता है। ये उपाय विश्व स्तर पर रूपे कार्ड की पहुंच और स्वीकार्यता का विस्तार करेंगे। इसे संबंध में आवश्यक निर्देश अलग से जारी किए जाएंगे।

See also  विकास दर के कमजोर आंकड़ों के बाद अब RBI कर सकता है ब्‍याज दरों में कटौती

गवर्नर शक्तिकांत दास ने कहा कि, अगस्त 2021 में लॉन्च किया गया डिजिटल वाउचर ई-रूपी भारतीय राष्ट्रीय भुगतान निगम (एनपीसीआई) के एकीकृत भुगतान इंटरफेस (यूपीआई) प्रणाली पर चलता है। वर्तमान में बैंकों की ओर से केंद्र और राज्य सरकारों की ओर से और कुछ हद तक कॉर्पोरेट्स की ओर से उद्देश्य आधारित वाउचर जारी किए जाते हैं। उपयोगकर्ताओं और लाभार्थियों के लिए समान रूप से लाभ को ध्यान में रखते हुए ई-रूपी वाउचर के दायरे और पहुंच का विस्तार करने का प्रस्ताव है। उन्होंने कहा कि, इसके तहत गैर-बैंक प्रीपेड भुगतान साधन (पीपीआई) जारीकर्ताओं को ई-रूपी वाउचर जारी करने की अनुमति देकर और लाभुकों की ओर से ई-रूपी वाउचर जारी करने में सक्षम बनाना। ई-रुपी वाउचर के उपयोग को सुविधाजनक बनाने के लिए वाउचर को फिर से लोड करने, प्रमाणीकरण प्रक्रिया, जारी करने की सीमा आदि जैसे अन्य पहलुओं को भी संशोधित किया जाएगा। इस संबंध में जल्द ही अलग से निर्देश जारी किए जाएंगे।

See also  जामताड़ा का एक और गिरोह चढ़ा पुलिस के हत्थे, बैंकों की फर्जी वेबसाइट के सहारे करते थे ठगी

Hindi News के लिए जुड़ें हमारे साथ हमारे
फेसबुक, ट्विटरयूट्यूब, इंस्टाग्राम, लिंक्डइन, टेलीग्रामकू
 पर