रायपुर। छत्तीसगढ़ कस्टम मिलिंग घोटाले में ईडी ने बड़ी कार्रवाई की है। ED ने मार्क फेड के पूर्व MD मनोज सोनी को हिरासत में ले लिया है।

मिली जानकारी के मुताबिक पूर्व एमडी मनोज सोनी EOW दफ्तर पूछताछ के लिए थे गए थे जहां से ED के अधिकारी हिरासत मे लेकर सब जोनल ऑफिस ले आए।

जानें क्‍या है कस्‍टम मिलिंग घोटाला

बता दें धान की कस्‍टम मिलिंग में बड़ा घोटाला करने का आरोप है। BJP के अनुसार इस मामले के सूत्रधार मार्कफेड के तत्‍कालीन अफसर मनोज सोनी हैं। वहीं ईडी जांच में पाया गया है कि खरीफ वर्ष 2021-22 तक सरकार द्वारा धान का प्रति क्विंटल 40 रुपये भुगतान किया गया। धान की कस्टम मिलिंग के लिए दी जाने वाली रकम सरकार ने तीन गुनी बढ़ा दी। 120 रुपये प्रति क्विंटल धान का भुगतान दो किश्तों में किया गया। आरोप है कि अफसरों ने आधी रकम मार्कफेड के एमडी मनोज सोनी के साथ मिलकर वसूल ली।

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घोटाले की शर्तों के तहत नकद राशि का भुगतान करने वालों का विवरण जिला विपणन अधिकारी को भेजा गया। उनके माध्यम से ब्यौरा मार्कफेड एमडी तक पहुंचा। एमडी द्वारा केवल उन्हीं के बिलों को भुगतान के लिए मंजूरी दी गई, जिन्होंने नकद राशि का भुगतान किया। विशेष भत्ता 40 रुपये से बढ़ाकर 120 रुपये क्विंटल करने के बाद प्रदेश में 500 करोड़ रुपये के भुगतान जारी किए गए, जिसमें से 175 करोड़ रुपये की रिश्वत वसूली गई। ईडी ने तलाशी में विभिन्न आपत्तिजनक दस्तावेज, डिजिटल उपकरण और 1 करोड़ की बेहिसाब नकद राशि जब्त की है।