पटना। Bihar Election 2025 : जब महागठबंधन (I. N. D. I. A.) ने बिहार चुनाव के लिए अपना घोषणा पत्र जारी कर दिया है। महागठबंधन ने इसे ‘तेजस्वी का प्रण’ नाम दिया है। पटना के एक प्रतिष्ठित होटल में आयोजित कार्यक्रम में महागठबंधन के घटक दलों के प्रमुख नेताओं ने मुख्यमंत्री पद के चेहरे तेजस्वी यादव की मौजूदगी में घोषणा पत्र को जनता के सामने रखा।
तेजस्वी यादव ने इस मौके पर कहा कि यह सिर्फ चुनावी दस्तावेज नहीं, बल्कि बिहार को नई दिशा देने का रोडमैप है। उन्होंने कहा, “घोषणा पत्र की हर बात धरातल पर उतारी जाएगी। हमारा प्रण है कि बिहार को देश का नंबर वन राज्य बनाया जाए। हम रोजगार, शिक्षा, स्वास्थ्य और बुनियादी ढांचे पर फोकस करेंगे।”

रोजगार को लेकर पूछे गए सवाल पर तेजस्वी यादव ने दो टूक कहा कि महागठबंधन झूठे वादे नहीं करता। “हर योजना पर विशेषज्ञों से चर्चा की गई है। हमने 2020 में कहा था कि नौकरी देंगे और 17 महीने में वादा निभाया। तेजस्वी ने कहा इस बार भी हर परिवार को रोजगार मिलेगा। बजट की चिंता जनता न करे, हमने प्लानिंग कर ली है।
महागठबंधन के घोषणा पत्र की प्रमुख बातें
1. महागठबंधन की सरकार बनते ही 20 दिनों के अंदर हर परिवार के एक सदस्य को नौकरी देने का अधिनियम लाया जाएगा।
2. सभी जीविका सीएम (कम्युनिटी मोबिलाइजर) को स्थायी कर राज्यकर्मी का दर्ज दिया जाएगा।
3. सभी संविदा कर्मियों और आउटसोर्सिंग पर कार्यत कर्मचारियों को स्थाई किया जाएगा।
4. आईटी पार्क, स्पेशल इकोनामिक जोन, डेयरी बेस्ड इंडस्ट्री, कृषि उद्योग, पर्यटन के क्षेत्र समेत अन्य क्षेत्रों में कौशल आधारित रोजगार का सृजन किया जाएगा।
5. पुरानी पेंशन स्कीम को लागू किया जाएगा।
6. माई बहिन मान योजना के तहत एक दिसंबर से 2500 रुपया दिया जाएगा। BETI और MAA योजनाएं लाई जाएंगी।
7. सामाजिक सुरक्षा पेंशन के अंतर्गत बुजुर्गों और विधवाओं को ₹1500 की मासिक पेंशन दी जाएगी जिसमें हर साल ₹200 की वृद्धि की जाएगी और दिव्यांग जनों को ₹3000 की मासिक पेंशन दी जाएगी।
8. हर परिवार को 200 यूनिट बिजली मुक्त दी जाएगी।
9. माइक्रोफाइनेंस कंपनी द्वारा किस्त वसूली के दौरान प्रताड़ना को रोकने के लिए और मनमाने ब्याज दर पर नियंत्रण के लिए नियामक कानून लाया जायेगा।
10. प्रतियोगिता परीक्षाओं के लिए फॉर्म एवं परीक्षा शुल्क समाप्त कर दिया जाएगा और परीक्षा केंद्र तक आने जाने के लिए मुफ्त यात्रा की सुविधा दी जाएगी।
11. प्रत्येक अनुमंडल में महिला कॉलेज की स्थापना की जाएगी। 136 प्रखंडों में डिग्री कॉलेज नहीं है, वहां डिग्री कॉलेज खोले जाएंगे।
12. शिक्षकों स्वास्थ्य कर्मियों सहित अन्य सेवाओं के कर्मियों के गृह जिला के 70 किलोमीटर के दायरे में स्थानांतरण एवं तैनाती से संबंधित सुसंगत नीति बनाई जाएगी।
13. किसानों को न्यूनतम समर्थन मूल्य पर सभी फसलों की खरीद की गारंटी दी जाएगी और मंडी एवं बाजार समिति व्यवस्था को फिर से जीवित किया जाएगा।
14. हर व्यक्ति को जन स्वास्थ्य सुरक्षा योजना के तहत 25 लाख तक का मुफ्त स्वास्थ्य बीमा उपलब्ध करवाया जाएगा।
15. मनरेगा में मौजूद 255 रुपए की दैनिक मजदूरी को बढ़ाकर ₹300 कर दिया जाएगा और 100 दिन के कार्य को बढ़ाकर 200 दिन कर दिया जाएगा।
16. अति पिछड़ा अत्याचार निवारण अधिनियम पारित किया जाएगा। अनुसूचित जाति एवं जनजाति के 200 छात्राओं को छात्रवृत्ति के लिए विदेश भेजा जाएगा।
17. आबादी के अनुपात में आरक्षण की 50% सीमा को बढ़ाने हेतु विधानमंडल पारित कानून को संविधान की नवमी अनुसूची में शामिल करने के लिए केंद्र सरकार को भेजा जाएगा।
18. अति पिछड़ा वर्ग के लिए पंचायत तथा नगर निकाय में वर्तमान 20% आरक्षण को बढ़ाकर 30% किया जाएगा। वहीं अनुसूचित जाति के लिए यह सीमा 16% से बढ़ाकर 20% की जाएगी और अनुसूचित जनजाति के आरक्षण में भी अनुपातिक बढ़ोतरी सुनिश्चित की जाएगी।
19. हमारी सरकार अपराध के प्रति जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाएगी। पुलिस अधीक्षक एवं थानेदारों के लिए निश्चित कार्यकाल निर्धारित किया जाएगा।
20. सभी अल्पसंख्यक समुदाय के लिए संवैधानिक अधिकारों की रक्षा की जाएगी वक्त संशोधन विधेयक पर रोक लगाई जाएगी और वक्त संपत्तियों के प्रबंधन को पारदर्शी बनाने के लिए इस कल्याणकारी और उपयोगी बनाया जाएगा। बोधगया स्थित बौद्ध मंदिरों का प्रबंध बौद्ध समुदाय के लोगों को सुपुर्द किया जाएगा।



