टीआरपी। The Naxalites who return will be welcomed with a red carpet : बस्तर क्षेत्र में भटके हुए युवाओं को समाज की मुख्यधारा में वापस लाने के लिए पहल की जा रही है। जो लौट आएंगे, उनका लाल कालीन बिछाकर स्वागत किया जाएगा। यदि समय रहते पुनर्वास नहीं किया तो फिर सुरक्षा बल अपनी जिम्मेदारी निभाएँगे। बस्तर को अमन, चैन, शांति और सुरक्षा के साथ विकास के पथ पर अग्रसर करना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। राज्य सरकार हर हाल में बस्तर को हिंसा मुक्त करने के लिए संकल्पित है। बस्तर में शांति, सुरक्षा और विकास सरकार की प्राथमिकता है। उक्त विचार उप मुख्यमंत्री एवं गृह मंत्री विजय शर्मा ने बीजापुर और सुकमा जिले के प्रवास के दौरान जनप्रतिनिधियों, पंचायत प्रतिनिधियों, सरपंचों तथा समाज प्रमुखों, मांझी, चालकी, गायता, पुजारी और पटेलों से संवाद करते हुए व्यक्त किया।
उप मुख्यमंत्री शर्मा ने कहा कि वर्षों से बस्तर संभाग के आदिवासी अंचल विकास से वंचित रहे हैं, पर अब समय आ गया है कि सभी मिलकर बस्तर को शांति और प्रगति के मार्ग पर ले जाएँ। प्रधानमंत्री एवं केन्द्रीय गृहमंत्री ने सशस्त्र नक्सलवाद को समाप्त करने के लिए समयसीमा तय की है। इसी दिशा में शासन की ‘पुनर्वास नीति 2025’ के अंतर्गत बड़ी संख्या में माओवादी संगठन छोड़कर मुख्यधारा में लौट रहे हैं।92 युवा पुनर्वास केंद्र में ले रहे प्रशिक्षण
गृहमंत्री शर्मा ने कहा कि जगदलपुर में 210 माओवादी एक साथ हथियारों छोड़कर पुनर्वास कर चुके हैं, जिनमें 92 युवा बीजापुर जिले के हैं। ये सभी पुनर्वास केंद्र में कौशल प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे हैं। गृहमंत्री ने संबंधित परिवारों से अपील की कि वे अपने पुनर्वासित परिजनों से मिलने जरूर जाएं ताकि उन्हें भी प्रोत्साहन मिले एवं अन्य भटके हुए युवाओं को भी लौटने के लिए प्रेरित करें।नक्सल लीडर की मां से किया अनुरोध, बेटे को समझाएं
गृहमंत्री शर्मा ने कहा कि वे स्वयं पूर्वर्ती गांव की नक्सल लीडर हिड़मा की वृद्ध माता से मिलकर उनके पुत्र को हिंसा छोड़ने और समाज की मुख्यधारा में आने के लिए प्रेरित करने का अनुरोध किया है। इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष जानकी कोरसा, बस्तर कमिश्नर डोमन सिंह, आईजी सुंदरराज पी, कलेक्टर संबित मिश्रा, डीएफओ रंगानाथन रामाकृष्णन वाय, सीईओ जिला पंचायत नम्रता चौबे, उपनिदेशक इन्द्रावती टाइगर रिजर्व संदीप बलगा, सहित जनपद अध्यक्ष, उपाध्यक्ष, सदस्य, सरपंच, समाज प्रमुख एवं अन्य अधिकारी उपस्थित थे।


