टीआरपी। राजिम कुंभ कल्प मेला में 10 फरवरी, मंगलवार को शाम 7 बजे भव्य विराट संत समागम का विधिवत उद्घाटन किया जाएगा। इस गरिमामय समारोह में छत्तीसगढ़ विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होकर समागम का शुभारंभ करेंगे।
यह समागम छत्तीसगढ़ की धार्मिक और सांस्कृतिक पहचान को वैश्विक मंच पर सुदृढ़ करता है। देशभर के प्रतिष्ठित संतों के आगमन से न केवल राजिम (छत्तीसगढ़ का प्रयाग) में पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा, बल्कि स्थानीय अर्थव्यवस्था और श्रद्धालुओं के लिए आध्यात्मिक चेतना का नया केंद्र बनेगा।
कार्यक्रम का विस्तृत विवरण
इस भव्य कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रदेश के संस्कृति, पर्यटन एवं धर्मस्व मंत्री राजेश अग्रवाल करेंगे। समारोह में रायपुर सांसद बृजमोहन अग्रवाल, महासमुंद सांसद रूपकुमारी चौधरी और स्थानीय विधायक रोहित साहू समेत प्रदेश के कई दिग्गज जनप्रतिनिधि शामिल होंगे। गरियाबंद और नवापारा क्षेत्र के स्थानीय निकायों के प्रतिनिधि भी इस ऐतिहासिक पल के साक्षी बनेंगे।
देशभर से जुटेगा संतों का जमावड़ा
विराट संत समागम में देश के कोने-कोने से सिद्ध संत और महात्मा पधार रहे हैं। इसमें मुख्य रूप से आचार्य महामण्डलेश्वर स्वामी विशोकानंद महाराज, राजेश्री महंत रामसुंदर दास जी महाराज, और प्रसिद्ध पंडोखर सरकार (संत गुरूशरण महाराज) अपना सानिध्य प्रदान करेंगे। इनके अलावा बालयोगी रामबालक दास, साध्वी प्रज्ञा भारती और स्वामी राजेश्वरानन्द सहित दर्जनों पीठाधीश्वर और महंत श्रद्धालुओं को आशीर्वचन देंगे।
- तारीख और समय: 10 फरवरी 2026, शाम 7:00 बजे।
- मुख्य अतिथि: डॉ. रमन सिंह (विधानसभा अध्यक्ष)।
- विशिष्ट उपस्थिति: 30 से अधिक राष्ट्रीय स्तर के संत और कई कैबिनेट मंत्री/विधायक।
- स्थान: मुख्य मंच, राजिम कुंभ मेला क्षेत्र।
राजिम कुंभ कल्प मेले के दसवें दिन यानी 10 फरवरी को मुख्य मंच पर सुप्रसिद्ध भजन गायिका स्वाति मिश्रा की भव्य प्रस्तुति होगी। देशभर में ‘राम आएंगे’ भजन से लोकप्रियता बटोरने वाली स्वाति मिश्रा की संगीत संध्या को लेकर श्रद्धालुओं और युवाओं में जबरदस्त उत्साह देखा जा रहा है।
श्रीराम भक्ति से ओत-प्रोत स्वाति मिश्रा के भजनों ने लाखों दिलों में जगह बनाई है। आज शाम उनके गीतों में भक्ति और श्रद्धा का विशेष संगम देखने को मिलेगा। ‘राम आएंगे’ जैसे गीतों के माध्यम से पूरा मेला क्षेत्र आध्यात्मिक ऊर्जा से सराबोर होने वाला है। प्रशासन ने बढ़ती भीड़ को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए हैं।
स्थानीय मंचों पर दिखेगी छत्तीसगढ़िया संस्कृति
नवीन मेला मैदान स्थित स्थानीय मंच पर छत्तीसगढ़ की लोक कलाओं का प्रदर्शन होगा। इसमें रेणु साहू (पंडवानी), हेमीन वर्मा (सुवा नृत्य), और राधा खूंटे (पंथी पार्टी) जैसे कलाकार अपनी कला का प्रदर्शन करेंगे। इसके साथ ही:
- पूर्वी यादव का जगराता और सूर्य प्रकाश साहू का लोकनृत्य।
- अनीता देवांगन की भजन संध्या और चैतु राम तारक का नाचा गम्मत।
- ललित निर्मलकर का भुंजिया नृत्य और चंन्द्रहास साहू का राउतनाचा।
नदी मंच: मानसगान और महाभारत कथा
पुराने महोत्सव स्थल के नदी मंच पर भी भक्ति की धारा बहेगी। यहाँ बिसहत राम साहू द्वारा मानसगान और शिखा गोस्वामी द्वारा महाभारत कथा का वाचन किया जाएगा। साथ ही नामदास लहरे के सतनाम भजन और आर्यन के सुगम गायन का आनंद श्रद्धालु उठा सकेंगे।
- मुख्य कलाकार: स्वाति मिश्रा (मशहूर भजन गायिका)।
- विशेष प्रस्तुति: ‘राम आएंगे’ और श्रीराम भक्ति के अन्य भजन।
- दिन: मेला का 10वाँ दिन (10 फरवरी)।
- अन्य कलाएं: पंडवानी, सुवा, पंथी, नाचा, और राउतनाचा।
स्वाति मिश्रा के कार्यक्रम के बाद आने वाले दिनों में और भी कई राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय कलाकारों के पहुंचने की संभावना है। स्थानीय प्रशासन लगातार सुविधाओं का विस्तार कर रहा है ताकि श्रद्धालुओं को कोई असुविधा न हो।



