Strait of Hormuz: नई दिल्ली। भारतीय झंडे वाला LPG से भरा एक और जहाज ‘जग विक्रम’ शनिवार को होर्मुज स्ट्रेट से सुरक्षित निकल गया है। जहाज पर 24 नाविक सवार हैं। उसमें करीब 20,400 मीट्रिक टन LPG गैस लदी है। 15 अप्रैल को यह जहाज मुंबई पहुंचेगा।
Strait of Hormuz: बता दें, ईरान और अमेरिका की जंग के बीच खाड़ी का इलाका पिछले कई हफ्तों से तनाव में है। होर्मुज वो जगह है जहां से दुनिया का एक बड़ा हिस्सा अपना तेल और गैस मंगाता है।
Strait of Hormuz: इस रास्ते के बंद होने या खतरनाक होने से पूरी दुनिया में ऊर्जा संकट पैदा हो सकता है। भारत के लिए यह रास्ता और भी अहम है क्योंकि हमारे हजारों नाविक खाड़ी के देशों में काम करते हैं और हमारे कई जहाज इस इलाके से गुजरते हैं।
Strait of Hormuz: दिन-रात काम कर रहा सरकार का कंट्रोल रूम
बंदरगाह, जहाजरानी और जलमार्ग मंत्रालय ने बताया कि एक 24 घंटे काम करने वाला शिपिंग कंट्रोल रूम लगातार सक्रिय है। इस कंट्रोल रूम ने अब तक 5,973 फोन कॉल और 12,675 से ज्यादा ईमेल संभाले हैं। सिर्फ पिछले 24 घंटों में 128 कॉल और 319 ईमेल आए। यह संख्या बताती है कि खाड़ी में फंसे नाविकों के परिवार कितने परेशान हैं और सरकार कितनी मेहनत से उन्हें जवाब दे रही है।
Strait of Hormuz: 2009 नाविक लाए जा चुके हैं घर वापस
सबसे अहम बात यह है कि डीजी शिपिंग की मदद से अब तक 2,009 से ज्यादा भारतीय नाविकों को खाड़ी के अलग-अलग इलाकों से सुरक्षित वापस लाया जा चुका है। सिर्फ पिछले 24 घंटों में 81 नाविक घर लौटे। सरकार ने यह भी कहा कि पिछले 24 घंटों में किसी भी भारतीय जहाज से जुड़ी कोई अप्रिय घटना नहीं हुई।
Strait of Hormuz: विदेश मंत्रालय भी सक्रिय
विदेश मंत्रालय ने बताया कि खाड़ी और पश्चिम एशिया में भारतीय दूतावास और वाणिज्य दूतावास वहां रह रहे भारतीयों के लगातार संपर्क में हैं। जरूरी एडवाइजरी जारी की जा रही हैं और जिन्हें मदद चाहिए उनकी मदद की जा रही है।
Strait of Hormuz: देश के सभी बंदरगाहों पर काम सामान्य है और कहीं कोई जाम या रुकावट नहीं है। बता दें की एक दिन पहले एलपीजी से भरा एक अन्य टैंकर भी भारत पहुंचा था। जिससे आम जनता ने गैस संकट को लेकर राहत की सांस ली थी।



