टीआरपी डेस्क। कांग्रेस नेता पवन खेड़ा (Pawan Khera) की अग्रिम जमानत को लेकर असम सरकार ने सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court of India) का दरवाजा खटखटाते हुए जमानत आदेश को चुनौती दी है। जिससे मामला अब राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा में आ गया है।

इस बीच, कांग्रेस के वरिष्ठ नेता राहुल गांधी (Rahul Gandhi) ने तीखी प्रतिक्रिया देते हुए असम के मुख्यमंत्री Himanta Biswa Sarma पर गंभीर आरोप लगाए। राहुल गांधी ने सोशल मीडिया के जरिए कहा कि राजनीतिक विरोधियों को दबाने के लिए सत्ता का दुरुपयोग लोकतंत्र के खिलाफ है और पारदर्शिता व जवाबदेही की मांग दोहराई।

दरअसल, तेलंगाना हाई कोर्ट ने पवन खेड़ा को ट्रांजिट अग्रिम जमानत देते हुए राहत दी थी। कोर्ट ने साफ कहा था कि संविधान के अनुच्छेद 21 के तहत व्यक्ति की स्वतंत्रता सर्वोपरि है और हाई कोर्ट जरूरत पड़ने पर सीमित अवधि की राहत दे सकता है, भले ही मामला उसके क्षेत्राधिकार से बाहर का हो।

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वहीं असम सरकार का तर्क है कि खेड़ा ने हैदराबाद में जमानत याचिका दायर करने का पर्याप्त कारण नहीं बताया, जबकि उन्हें असम में ही अदालत का रुख करना चाहिए था। इसी आधार पर सरकार ने जमानत को चुनौती दी है।