डोंगरगढ़। राजनांदगांव जिले के डोंगरगढ़ इलाके में सुशासन तिहार-2026 के दौरान जमकर बवाल हुआ। आरोप है कि लंबे समय से पट्टा लटकने से आक्रोशित भीड़ ने पार्षद के नेतृत्व में प्रदर्शन करते हुए अधिकारियों, कर्मचारियों को भवन के भीतर से बंद कर बाहर से ताला लगा दिया और बिजली भी बंद कर दिया। मौके पर पहुंचकर पुलिस ने बंधक अमले को मुक्त कराया और पार्षद समेत अन्य लोगों के खिलाफ अपराध दर्ज कर लिया।
वर्षों बाद भी नहीं मिला पट्टा
यह मामला डोंगरगढ़ के वार्ड क्रमांक 5 इंदिरा नगर के आंबेडकर भवन का है, जहां सुशासन तिहार 2026 के समाधान शिविर का आयोजन किया गया, बताया जा रहा है कि यहां के रहवासी वर्षों से लंबित पट्टा वितरण की मांग कर रहे हैं। आरोप है कि पट्टा वितरण की मांग को लेकर पार्षद प्रीति चमन समुंद्रे अपने समर्थकों के साथ शिविर स्थल पहुंचीं और विरोध प्रदर्शन करते हुए अधिकारियों,कर्मचारियों को भवन के भीतर बंद कर बाहर से ताला लगा दिया और बिजली बंद कर हंगामा मचाते रहे।

करना पड़ा बल प्रयोग
तनाव की सूचना पर मौके पर पहुंचे प्रशासन और पुलिस के अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों को समझाकर शांत करने कोशिश की, पर जब स्थिति अनियंत्रित हुई तब पुलिस ने बल प्रयोग करते हुए भवन का ताला खुलवाया और बंधक अधिकारी–कर्मचारियों को मुक्त कराया।

पुलिस ने लिया हिरासत में
पुलिस ने डोंगरगढ़ नगर पालिका परिषद के सहायक राजस्व निरीक्षक महेंद्र करसे की शिकायत पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं के तहत अपराध दर्ज किया, और मौके पर मौजूद 100 से अधिक लोगो को हिरासत में ले लिया।

स्थानीय नागरिकों का कहना है कि यदि प्रशासन समय रहते पट्टा संबंधी मांगों का समाधान कर देता, तो सुशासन तिहार जैसे सरकारी अभियान के दौरान ऐसी स्थिति उत्पन्न नहीं होती। फिलहाल मामले को लेकर प्रशासन की ओर से आधिकारिक बयान का इंतजार किया जा रहा है। इधर इस घटना से प्रशासनिक गलियारों में हड़कंप मच गया है।



