CG NEWS: NEET-UG परीक्षा में कथित पेपर लीक और अनिश्चितता के कारण देश भर में छात्रों द्वारा उठाए गए खौफनाक कदमों के विरोध में आम आदमी पार्टी (AAP) ने राजधानी रायपुर में जोरदार प्रदर्शन किया। आम आदमी पार्टी के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने अम्बेडकर चौक से शहीद भगत सिंह चौक (शंकर नगर) तक विशाल कैंडल मार्च निकाला।
10 सालों में 89 बार पेपर लीक, चुप है सरकार
कैंडल मार्च के दौरान ‘आप’ नेताओं ने केंद्र सरकार पर जमकर निशाना साधा। पार्टी के प्रदेश मीडिया प्रभारी मिहिर कुर्मी और अन्य वरिष्ठ नेताओं ने कहा कि पिछले 10 वर्षों में देश में 89 बार प्रश्नपत्र लीक हुए हैं और 48 बार परीक्षाएं दोबारा करानी पड़ी हैं। हर बार सरकार वादे करती है और फिर चुप्पी साध लेती है।
आप नेताओं ने दावा किया कि NEET-UG 2026 परीक्षा में हुई धांधली और पेपर रद्द होने के सदमे के कारण देश भर में अब तक 30 छात्रों ने आत्महत्या जैसा दुखद कदम उठाया है। इस मानसिक तनाव और अनिश्चितता के लिए केंद्र सरकार की नीतियां जिम्मेदार हैं।
जंतर-मंतर पर लाठी खा रहे युवा, शिक्षा मंत्री दें इस्तीफा
आप नेताओं ने कहा कि दिल्ली के जंतर-मंतर पर पिछले 50 दिनों से देश का युवा आंदोलन कर रहा है और पुलिस की लाठियां खा रहा है, लेकिन मोदी सरकार सोई हुई है। आम आदमी पार्टी ने प्रमुख रूप से दो मांगें रखीं:
शिक्षा मंत्री का इस्तीफा: केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए तत्काल अपने पद से इस्तीफा दें।
पीड़ित परिवारों को मुआवजा: आत्महत्या करने वाले छात्रों के पीड़ित परिवारों को सरकार तुरंत उचित मुआवजा प्रदान करे।
इस कैंडल मार्च में सूरज उपाध्याय, विजय झा, नंदन सिंह, अनुषा जोसेफ़, मंजू गलपत, स्वाति तिवारी, अनुराधा शुक्ला, मिहिर कुर्मी, परमानंद जांगड़े, इमरान खान, नौशाद अली सहित बड़ी संख्या में पार्टी पदाधिकारी व कार्यकर्ता उपस्थित थे।
FAQ
1 रायपुर में आम आदमी पार्टी ने किस मुद्दे को लेकर कैंडल मार्च निकाला?
NEET-UG 2026 परीक्षा में कथित पेपर लीक और इसके कारण देश भर में 30 छात्रों द्वारा की गई आत्महत्या के विरोध में यह कैंडल मार्च निकाला गया।
2 आम आदमी पार्टी का कैंडल मार्च रायपुर में कहाँ से कहाँ तक निकाला गया?
कैंडल मार्च राजधानी रायपुर के अम्बेडकर चौक से शुरू होकर शहीद भगत सिंह चौक (शंकर नगर) तक निकाला गया।
3 ‘आप’ नेताओं ने केंद्र सरकार और परीक्षा प्रणाली पर क्या गंभीर आरोप लगाए?
नेताओं ने आरोप लगाया कि पिछले 10 वर्षों में 89 बार प्रश्नपत्र लीक हुए और 48 बार परीक्षाएं दोबारा करानी पड़ीं, जिससे युवाओं का भविष्य अंधकार में जा रहा है।
4 प्रदर्शन के दौरान आम आदमी पार्टी ने मुख्य रूप से क्या मांगें रखीं?
AAP ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के तत्काल इस्तीफे की और पीड़ित छात्रों के परिवारों को मुआवजा देने की मांग की।


