Sub-Inspector sentenced: बस्तर जिला मुख्यालय जगदलपुर की फास्ट ट्रैक कोर्ट ने एक सनसनीखेज मामले में बड़ा फैसला सुनाया है। शादी का झांसा देकर दुष्कर्म करने और पहली पत्नी के जीवित रहते दूसरी शादी करने के आरोप में पुलिस सब इंस्पेक्टर विकेश चौहान को कोर्ट ने दोषी पाते हुए कुल 15 साल के सश्रम कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही 15,000 रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया है।
अभियोजन के अनुसार पीड़िता और आरोपी विकेश चौहान की पहचान फेसबुक के जरिए हुई थी। आरोपी ने खुद को तलाकशुदा बताया और पीड़िता से शादी करने का वादा किया।
वादा निभाने के नाम पर आरोपी पीड़िता को जगदलपुर ले आया। यहां शादी का भरोसा देकर उसने पीड़िता के साथ शारीरिक संबंध बनाए। इसके बाद उसने मंदिर में पीड़िता से विवाह भी कर लिया।
कैसे खुला राज?
कुछ समय बाद पीड़िता को पता चला कि विकेश चौहान की पहली पत्नी अभी जीवित है और दोनों के बीच कानूनी रूप से तलाक नहीं हुआ है। सच सामने आते ही पीड़िता ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई।
मामले की जांच के बाद पुलिस ने दुष्कर्म और बिगैमी यानी दूसरी शादी करने की धाराओं में केस दर्ज किया।

कोर्ट का फैसला
फास्ट ट्रैक कोर्ट में सुनवाई के दौरान अभियोजन ने सभी साक्ष्य और गवाह पेश किए। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद कोर्ट ने विकेश चौहान को दोषी माना।
दुष्कर्म के मामले में 10 साल सश्रम कारावास, पहली पत्नी के रहते दूसरी शादी करने पर 5 साल सश्रम कारावास और
15,000 रुपये का जुर्माना भी लगाया।
कोर्ट ने की गंभीर टिप्पणी
कोर्ट ने अपने फैसले में कहा कि आरोपी एक लोक सेवक है। ऐसे पद पर रहते हुए इस तरह का अनैतिक और घृणित कृत्य करना और भी गंभीर अपराध है। इसलिए कड़ी सजा देना जरूरी है।
फैसले के तुरंत बाद पुलिस ने विकेश चौहान को हिरासत में लेकर जेल भेज दिया।
इस फैसले का होगा ये असर
कानून विशेषज्ञों का कहना है कि यह फैसला उन लोगों के लिए नजीर है जो सोशल मीडिया का इस्तेमाल कर लोगों को धोखा देते हैं। साथ ही यह संदेश भी है कि सरकारी पद पर रहते हुए कानून तोड़ने पर और सख्त कार्रवाई होगी।
FAQ: इंस्पेक्टर को जेल
सवाल 1: SI विकेश चौहान को कितने साल की सजा हुई है
फास्ट ट्रैक कोर्ट ने SI विकेश चौहान को कुल 15 साल के सश्रम कारावास की सजा सुनाई है। दुष्कर्म में 10 साल और दूसरी शादी में 5 साल।
सवाल 2: विकेश चौहान पर क्या आरोप थे?
उन पर शादी का झांसा देकर दुष्कर्म करने, पहली पत्नी के रहते दूसरी शादी करने और सोशल मीडिया पर धोखा देने का आरोप था।
सवाल 3: पीड़िता और आरोपी की पहचान कैसे हुई?
दोनों की पहचान फेसबुक के जरिए हुई थी। आरोपी ने खुद को तलाकशुदा बताकर पीड़िता को शादी का भरोसा दिलाया था।
सवाल 4: कोर्ट ने जुर्माना कितना लगाया?
कोर्ट ने आरोपी पर 15,000 रुपये का अर्थदंड भी लगाया है।
सवाल 5: यह मामला कहां का है?
यह मामला छत्तीसगढ़ के बस्तर जिले के जगदलपुर का है। सुनवाई फास्ट ट्रैक कोर्ट में हुई।


