रायपुर। मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी ने कुकुरबेड़ा में यहोवा निस्सी चर्च में तोड़फोड़ तथा ईसाई समुदाय के लोगों के साथ मारपीट की घटना की तीव्र निंदा की है। पार्टी ने इस प्रकरण में दोषियों पर कड़ी कार्रवाई कर अपराध दर्ज किए जाने की मांग की।
माकपा ने बताया कि इस चर्च के फादर के द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार रविवार को सदा की तरह कुकुरबेड़ा में यहोवा निस्सी चर्च, पंडित रविशंकर शुक्ल वार्ड नं 22, आमानाका में दिनांक 10 अगस्त को हमेशा की तरह सुबह प्रार्थना के बाद लगभग 2 बजे जब सभी लोग जा चुके थे, चर्च बंद था और ताला लगा हुआ था। तब ही कुछ अज्ञात लोग आए और जोर जोर से जय श्री राम के नारे लगाने लगे, कुछ अज्ञात लोगों ने मुख्य दरवाजे को तोड़ा और चर्च के भीतर भी सी सी टी वी डिस्पले को तोड़ दिया और समानो को तोड़ फोड़ दिया। यहां उपस्थित लोगों से गाली गलौच किये एवं मारपीट करने लगे। उनके द्वारा धर्मांतरण का झूठा आरोप लगाकर पुलिस के सामने झूठी रिपोर्ट कराई गई और थाने के सामने भी हमारे लोगों के साथ मारपीट की गई, महिलाओं के साथ दुर्व्यवहार किया गया।
माकपा जिला समिति के सचिव राजेश अवस्थी ने कहा कि हाल ही में ऐसी ही घटना ननों की साथ हुई, जिसका देश भर में विरोध हुआ स्वयं भाजपा केरल के नेता ने इन आरोपों को झूठा बताया और भाजपा सरकार की किरकिरी भी हुई। राजधानी की घटना में फिर झूठे आरोप पर ईसाई समुदाय के लोगों के धार्मिक और स्वतंत्रता के अधिकार पर यह हमला किया गया। यह दुर्भाग्यजनक है कि पुलिस ने जिन लोगों के साथ मारपीट हुई उन्हें ही थाने में बिठा दिया और उनका मुलाहिजा भी नहीं कराया। माकपा ने इस पूरे घटना पर संबंधित चर्च के फादर की रिपोर्ट पर निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए मारपीट करने वाले अपराधिक कृत्य के दोषियों पर प्रकरण दर्ज करने और अल्पसंख्यक समुदाय के प्रार्थना स्थलों की सुरक्षा और हिफाज़त के लिए पुलिस प्रशासन से तत्काल उचित कदम उठाने की मांग की है।



